Jharkhand Health & Medical News: नेत्र विज्ञान के क्षेत्र में झारखंड का बढ़ा मान; डॉ. भारती कश्यप ने दी AIOS नेशनल कॉन्फ्रेंस की जानकारी
रांची। झारखंड की राजधानी रांची में आज यानी 25 सितंबर से देश भर के शीर्ष नेत्र विशेषज्ञों का सबसे बड़ा महाकुंभ शुरू होने जा रहा है। आयोजकों के अनुसार, झारखंड के चिकित्सा इतिहास में यह पहला अवसर है जब इतनी बड़ी राष्ट्रीय मेडिकल कॉन्फ्रेंस आयोजित की जा रही है। इस तीन दिवसीय महासंगम में देश भर से 1,000 से अधिक अनुभवी नेत्र रोग विशेषज्ञ, वैज्ञानिक, शोधकर्ता, मेडिकल प्रोफेसर, युवा डॉक्टर और पोस्ट-ग्रेजुएट मेडिकल छात्र एक साथ शिरकत करेंगे।
🏨 25 से 27 सितंबर तक चलेगा तीन दिवसीय सम्मेलन: ऑल इंडिया ऑप्थल्मोलॉजिकल सोसाइटी (AIOS) का बड़ा आयोजन
यह पहला मौका है जब ‘ऑल इंडिया ऑप्थल्मोलॉजिकल सोसाइटी’ (AIOS) की प्रतिष्ठित मिडटर्म राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस की मेजबानी झारखंड को मिली है।
25 से 27 सितंबर तक शहर के प्रमुख निजी होटल में आयोजित होने वाले इस तीन दिवसीय सम्मेलन की विस्तृत रूपरेखा एक प्रेस वार्ता के माध्यम से साझा की गई। आयोजन समिति की सचिव एवं ख्यातिलब्ध नेत्र सर्जन डॉ. भारती कश्यप ने बताया कि इस राष्ट्रीय सम्मेलन में मोतियाबिंद, ग्लूकोमा और रेटिना जैसी गंभीर बीमारियों के इलाज में हो रहे आधुनिक शोधों, नई तकनीकों और जटिल चिकित्सा पद्धतियों पर गहन मंथन किया जाएगा।
🌟 ‘झारखंड के लिए गर्व का क्षण’: डॉ. भारती कश्यप और डॉ. बीपी कश्यप ने जताई खुशी
डॉ. भारती कश्यप ने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के इस प्रतिष्ठित आयोजन की मेजबानी मिलना संपूर्ण झारखंड राज्य के लिए बेहद गर्व की बात है।
इस अवसर पर डॉ. बीपी कश्यप ने कहा कि इस सम्मेलन से झारखंड के नेत्र रोगियों और मेडिकल छात्रों को प्रत्यक्ष रूप से बड़ा लाभ मिलेगा। देश के कोने-कोने से आ रहे शीर्ष विशेषज्ञ अपने वृहद अनुभव और नई केस स्टडीज को स्थानीय डॉक्टरों के साथ साझा करेंगे। इसके अतिरिक्त, इस वृहद आयोजन से झारखंड के प्रमुख पर्यटन स्थलों और प्राकृतिक सौंदर्य की राष्ट्रीय स्तर पर ब्रांडिंग भी होगी।
🔬 AI और आधुनिक लेजर तकनीकों पर होगी चर्चा: डॉ. प्रीतेश प्रणय और डॉ. निलेंदु मिश्रा ने दी जानकारी
कॉन्फ्रेंस के तकनीकी सत्रों की जानकारी देते हुए डॉ. प्रीतेश प्रणय ने बताया कि सम्मेलन के दौरान अत्याधुनिक सर्जिकल तकनीकों और आंखों के जटिल विकारों के सटीक समाधान पर विस्तृत चर्चा होगी।
वहीं डॉ. निलेंदु मिश्रा ने कहा कि यह सम्मेलन युवा नेत्र चिकित्सकों और पोस्ट ग्रेजुएट छात्रों के लिए एक उत्कृष्ट शैक्षणिक मंच (Academic Platform) साबित होगा, जहाँ उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर की क्लीनिकल गाइडलाइंस को समझने का अवसर मिलेगा।
🤖 नेत्र विज्ञान में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का बढ़ता प्रयोग: डॉ. सुजेत समंता ने उजागर किए नए आयाम
वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. सुजेत समंता ने बताया कि वर्तमान में नेत्र विज्ञान के क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), उन्नत डायग्नोस्टिक टूल्स और आधुनिक लेजर तकनीकों का प्रयोग तेजी से बढ़ रहा है।
इस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से झारखंड के डॉक्टर इन वैश्विक और एडवांस तकनीकों से सीधे जुड़ सकेंगे, जिससे राज्य में अंधापन निवारण अभियान और नेत्र जांच की गुणवत्ता को एक नई और प्रभावी दिशा मिलेगी।