ब्रेकिंग
MCX Gold and Silver Market News: RBI की बैठक और वैश्विक संकेतों का कीमती धातुओं पर असर, जानें लेटेस्... Tech Tips for Earbuds Audio Issue: क्या आपके भी एक ईयरबड में आवाज धीमी है? इन आसान तरीकों से घर बैठे... Anant Chaturdashi 2026 Date and Muhurat: कब है अनंत चतुर्दशी और गणेश विसर्जन, जानिए शुभ मुहूर्त, पूज... Rani Rashmoni Legacy and History: दक्षिणेश्वर काली मंदिर बनवाने वाली रानी रासमणि का राजबाड़ी और समाज... Jashpur Medical News Update: रायपुर-रांची जाने से मिलेगी मुक्ति! जशपुर में शुरू होगा आधुनिक क्रिटिकल... Surajpur Crime & Local News: मां की डांट से नाराज 9 साल का बच्चा ट्रेन से पहुंचा मुंबई; जीआरपी और पु... Durg Crime News: दुर्ग जिला अस्पताल से जेल प्रहरियों को चकमा देकर भागी लेडी डॉन जसबीर कौर; 1 घंटे मे... Kanker Leopard Attack CCTV: कांकेर के रिहायशी इलाके टिकरापारा में घुसा तेंदुआ; कुत्ते पर हमले की घटन... Chhattisgarh Weather Forecast: छत्तीसगढ़ में डीप डिप्रेशन का असर; दक्षिण छत्तीसगढ़ में भारी बारिश का... Bilaspur High Court News Divorce: केवल आरोप लगाने से नहीं मिलेगा तलाक! छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का वैवाहिक...

Hemant Soren ED News Ranchi: बड़गांई जमीन घोटाले में सीएम हेमंत सोरेन की अर्जी! ED कोर्ट ने दी 30 सितंबर की तारीख; जानें पूरा मामला

रांची। झारखंड की राजधानी रांची के बहुचर्चित बड़गांई अंचल स्थित 8.86 एकड़ जमीन से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ 30 सितंबर को आरोप गठन (Charge Framing) की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। मामले की सुनवाई के दौरान मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के माध्यम से ईडी (ED) की विशेष अदालत में पेश हुए। सुनवाई के दौरान मुख्यमंत्री के अधिवक्ता संजीव सहाय ने अदालत को अवगत कराया कि उन्हें ईडी की ओर से ‘अनरिलाइड डॉक्यूमेंट्स’ (Unrelied Documents) की सूची आज ही प्राप्त हुई है, जिसके सत्यापन और अध्ययन के लिए समय की आवश्यकता है। इस आधार पर ईडी की विशेष अदालत ने अगली सुनवाई और आरोप गठन पर बहस के लिए 30 सितंबर की तिथि निर्धारित कर दी है।

🎙️ मुख्यमंत्री ने व्यक्तिगत कठिनाइयों का दिया हवाला: चार्च फ्रेम की प्रक्रिया के लिए मांगा समय

सिविल कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता संजय कुमार ने बताया कि सुनवाई के दौरान स्वयं मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी अदालत से व्यक्तिगत रूप से आग्रह किया।

उन्होंने कोर्ट को बताया कि ईडी द्वारा दस्तावेजों की सूची अंतिम समय में सौंपी गई है, इसलिए इसे वेरिफाई करने का उचित समय प्रदान किया जाए। इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री ने अपनी कुछ व्यक्तिगत और प्रशासनिक व्यस्तताओं/कठिनाइयों का भी जिक्र करते हुए समय देने का अनुरोध किया। अदालत द्वारा समय स्वीकार किए जाने के बाद अब बुधवार, 30 सितंबर को आरोप गठन की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

📜 सह-आरोपियों पर पहले ही तय हो चुके हैं आरोप: भानु प्रताप और अंतू तिर्की सहित कई आरोपी शामिल

उल्लेखनीय है कि बड़गांई अंचल की 8.86 एकड़ जमीन में फर्जीवाड़े और मनी लॉन्ड्रिंग के इस मामले में ईडी की विशेष अदालत अन्य सह-आरोपियों के खिलाफ पहले ही आरोप गठित कर चुकी है।

अदालत द्वारा जिन आरोपियों पर आरोप तय किए गए हैं, उनमें पूर्व राजस्व उप निरीक्षक भानु प्रताप प्रसाद, झामुमो नेता अंतू तिर्की, आर्किटेक्ट विनोद कुमार सिंह, तापस घोष, शेखर कुशवाहा, मोहम्मद सद्दाम हुसैन, अफसर अली, मोहम्मद इरशाद अख्तर, कुमार राजश्री, मनोज कुमार यादव, प्रियरंजन सहाय, विपिन सिंह, विजेंद्र सिंह और संजीत कुमार शामिल हैं।

🏛️ हाईकोर्ट से नहीं मिली थी व्यक्तिगत पेशी से छूट: खारिज हुई थी आईए याचिका

दरअसल, 8.86 एकड़ जमीन से जुड़े इस पूरे मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड उच्च न्यायालय (High Court) में इंटरलोक्यूटरी एप्लीकेशन (IA) दाखिल की थी।

याचिका के माध्यम से उन्होंने ईडी की विशेष अदालत में व्यक्तिगत पेशी से छूट देने का अनुरोध किया था। हालांकि, 18 सितंबर को हुई सुनवाई के दौरान जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने उनकी आईए याचिका को खारिज कर दिया था, जिसके बाद उन्हें विशेष अदालत के समक्ष उपस्थित होना पड़ा।

❌ जून में ही खारिज हो चुकी है डिस्चार्ज पिटीशन: प्रथम दृष्टया मामला पाया गया था सही

प्रवर्तन निदेशालय (PMLA) की विशेष अदालत ने 8 जून 2026 को ही मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की डिस्चार्ज पिटीशन (Discharge Petition) को खारिज कर दिया था।

अदालत ने ईडी की ओर से प्रस्तुत किए गए साक्ष्यों, बयानों और दस्तावेजों का अवलोकन करने के बाद स्पष्ट कहा था कि इस चरण पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के खिलाफ प्रथम दृष्टया (Prime Facie) मामला बनता है। इसके पश्चात सीएम की ओर से पेशी से राहत पाने के लिए अलग से आईए दाखिल की गई थी, जिसे हाईकोर्ट ने स्वीकार नहीं किया।