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Balodabazar News: बलौदाबाजार में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान का आगाज; राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने किया पौधारोपण

विश्व पर्यावरण दिवस के पावन अवसर पर शुक्रवार को छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में प्रकृति संरक्षण और हरियाली बढ़ाने का एक बेहद अनूठा और भावनात्मक संदेश देखने को मिला. केंद्र और राज्य सरकार के विशेष दिशा-निर्देशों पर “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत जिले के वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, छात्रों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने मिलकर बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया और पर्यावरण को प्रदूषण मुक्त बनाने का सामूहिक संकल्प लिया. दाऊ कल्याण शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय (DK College) परिसर में आयोजित इस भव्य जिला स्तरीय कार्यक्रम में भारी संख्या में स्थानीय नागरिकों और विद्यार्थियों की गरिमामयी मौजूदगी रही. कार्यक्रम के दौरान परिसर में लगभग 100 से अधिक पौधे रोपे गए, जिससे कॉलेज परिसर भविष्य में हरियाली की एक नई पहचान की ओर बढ़ता दिखाई दिया.

🌱 मां के सम्मान और प्रकृति के संरक्षण का अनूठा संगम: भावनात्मक जुड़ाव के साथ नई पीढ़ी को स्वच्छ वातावरण देने का प्रयास

“एक पेड़ मां के नाम” अभियान केवल एक औपचारिक या सरकारी पौधारोपण कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह इंसानी भावनाओं के जुड़ाव और पर्यावरण संरक्षण का एक बेहद अनूठा व सार्थक प्रयास है. इस अभियान का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक नागरिक को अपनी मां के सम्मान में अथवा उनकी स्मृति में अनिवार्य रूप से एक पौधा लगाने के लिए प्रेरित करना है, ताकि आने वाली पीढ़ियों को एक स्वच्छ, शुद्ध और सुरक्षित पर्यावरण उपहार में मिल सके. विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित इस कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने अपनी-अपनी माताओं के नाम से पौधे लगाकर न केवल प्रकृति के प्रति अपनी नैतिक जिम्मेदारी निभाई, बल्कि संपूर्ण छत्तीसगढ़ समाज को भी ग्लोबल वार्मिंग के खिलाफ एकजुट होकर पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित किया.

🌳 जनप्रतिनिधियों ने संभाली इस हरियाली अभियान की कमान: राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा सहित कई दिग्गज सांसदों ने लगाया पौधा

जिले में पर्यावरण की इस बड़ी मुहिम को गति देने के लिए सूबे के दिग्गज नेताओं ने अग्रिम मोर्चे पर कमान संभाली. कार्यक्रम में प्रदेश के माननीय राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने स्वयं पहला पौधा रोपकर इस अभियान की विधिवत शुरुआत की. उनके साथ रायपुर लोकसभा क्षेत्र के नवनिर्वाचित सांसद बृजमोहन अग्रवाल, जांजगीर-चांपा लोकसभा क्षेत्र की सांसद कमलेश जांगड़े तथा राज्यसभा सांसद लक्ष्मी वर्मा ने भी विशिष्ट अतिथि के रूप में पौधे लगाए. सभी जनप्रतिनिधियों ने पौधारोपण करने के बाद जनता से अपील की कि केवल फोटो खिंचवाने के लिए पौधा लगाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसे एक विशाल वृक्ष बनने तक खाद-पानी देना और उसे हर हाल में सुरक्षित रखना भी उतना ही जरूरी है.

☀️ “पेड़ बचेंगे तो हमारा भविष्य बचेगा”: बढ़ते तापमान और घटते भूजल स्तर पर राजस्व मंत्री ने जताई गहरी चिंता

इस विशेष अवसर पर जनसभा को संबोधित करते हुए राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज के दौर में फैशन नहीं, बल्कि मानव जीवन को बचाने की सबसे बड़ी आवश्यकता बन चुका है. लगातार बढ़ते तापमान, घटते भूजल स्तर और अनियमित मौसम चक्र ने प्रकृति के प्रति हमारी जिम्मेदारियों को और अधिक बढ़ा दिया है. उन्होंने कहा कि आगामी बरसात का मौसम पौधारोपण के लिए सबसे उपयुक्त समय होता है और प्रत्येक जागरूक नागरिक को इस अवसर का लाभ उठाना चाहिए. उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि वे अपने खेतों, बाड़ियों, नदी-नालों के किनारों, तालाबों और सार्वजनिक स्थलों पर अधिक से अधिक पौधे लगाएं. उन्होंने यह भी कहा कि यदि देश का हर व्यक्ति साल में केवल एक पौधा लगाकर उसकी पूरी देखभाल कर ले, तो आने वाले वर्षों में पर्यावरण की दिशा में एक क्रांतिकारी बदलाव देखने को मिलेगा.

🏢 तेजी से बढ़ते शहरीकरण के बीच कंक्रीट के जंगलों को हरा-भरा करने पर ज़ोर: कॉलेज के छात्र-छात्राओं में दिखा गज़ब का उत्साह

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित मुख्य वक्ताओं और पर्यावरणविदों ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि हरियाली बढ़ाने का यह संकल्प केवल ग्रामीण क्षेत्रों तक ही सीमित नहीं रहना चाहिए. तेजी से बढ़ते शहरीकरण के बीच शहरों में कंक्रीट के जंगल खड़े हो रहे हैं, इसलिए शहरी इलाकों में भी बड़े पैमाने पर ‘मियावाकी’ जैसी आधुनिक तकनीकों से पौधारोपण की सख्त आवश्यकता है. दाऊ कल्याण कॉलेज परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम को लेकर विद्यार्थियों और प्रोफेसरों में भी गज़ब का उत्साह देखा गया. कॉलेज परिसर में लगाए गए पौधों में मुख्य रूप से छायादार, फलदार और औषधीय गुणों से भरपूर प्रजातियों (जैसे नीम, बरगद, पीपल, आम और जामुन) को प्राथमिकता दी गई, ताकि भविष्य में परिसर का वातावरण और अधिक स्वच्छ तथा हरित बन सके.

👮 कलेक्टर कुलदीप शर्मा और एसपी ओ.पी. शर्मा सहित पूरा प्रशासनिक अमला रहा मुस्तैद: वन विभाग ने बांटे निःशुल्क पौधे

इस महा-अभियान की सफलता सुनिश्चित करने के लिए जिले के आला अधिकारी भी जमीन पर उतरे. कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष आकांक्षा जायसवाल, कलेक्टर कुलदीप शर्मा, पुलिस अधीक्षक (SP) ओ.पी. शर्मा, नगर पालिका अध्यक्ष अशोक जैन, पूर्व विधायक शिवरतन शर्मा सहित कई वरिष्ठ जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे. इसके अलावा जिला प्रशासन, वन विभाग, भारत स्काउट एवं गाइड तथा विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भी इस पुनीत कार्य में श्रमदान किया. वन विभाग की ओर से इस अवसर पर आम जनता को घरों में लगाने के लिए निःशुल्क पौधों का वितरण भी किया गया.

🌍 जलवायु परिवर्तन के इस दौर में विशेषज्ञों की राय: डीएफओ धमशील गणवीर बोले—’वृक्षारोपण ही सबसे प्रभावी माध्यम’

विशेषज्ञों और पर्यावरणविदों का मानना है कि वर्तमान समय में पूरी दुनिया जिस प्रकार जलवायु परिवर्तन (Climate Change) और असमय बाढ़-सूखे की गंभीर चुनौती का सामना कर रही है, उसे देखते हुए हमारी जिम्मेदारी दोगुनी हो गई है. बलौदाबाजार के डीएफओ (DFO) धमशील गणवीर का मानना है कि सघन वृक्षारोपण इस वैश्विक चुनौती से निपटने का सबसे सरल, प्राकृतिक और अत्यधिक प्रभावी माध्यम है. पेड़ न केवल हानिकारक कार्बन डाइऑक्साइड को बड़ी मात्रा में अवशोषित करते हैं, बल्कि हवा को शुद्ध रखने, वर्षा को आकर्षित करने, भूजल को रिचार्ज करने और जैव विविधता (Biodiversity) को बनाए रखने में भी सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. “एक पेड़ मां के नाम” अभियान ने यह साबित कर दिया है कि प्रकृति और मां दोनों ही इस सृष्टि में जीवन का मुख्य आधार हैं और दोनों की रक्षा करना हमारा परम कर्तव्य है.