ब्रेकिंग
CJP प्रदर्शनकारियों को खाना खिलाने वाले जुनैद मलिक पहुंचे सुप्रीम कोर्ट! पुलिस पर प्रताड़ना और परिजन... NEET पेपर लीक पर पूर्णिया सांसद पप्पू यादव का अनोखा प्रदर्शन, सिर पर पट्टी और हाथ में लाठी लेकर पहुं... 'NEET के छात्रों से ऐंठे जाते हैं ₹1.32 लाख करोड़'; सार्वजनिक परीक्षा विधेयक 2026 पर बहस के दौरान प्... शिर्डी में गुरु पूर्णिमा उत्सव का आगाज! MP और गुजरात के भक्तों ने बाबा के चरणों में न्यौछावर किए लाख... दिल्ली में महिलाओं को हर महीने मिलेंगे ₹2500! 'लक्ष्मी योजना' को कैबिनेट की मंजूरी, रक्षाबंधन पर आएग... सिर में नक्सलियों की गोली फंसी होने के बाद भी रोज लगा रहे 10 KM दौड़, पढ़ें हॉक फोर्स के जांबाज शिवक... फतेहपुर के सर्वोदय इंटर कॉलेज में छात्रों का हंगामा! बिजली, शौचालय व पेयजल की मांग को लेकर सड़क पर उ... IIT दिल्ली से घर बैठे सीखें AI और डेटा साइंस! सर्टिफिकेट प्रोग्राम के लिए आवेदन शुरू, जानें अप्लाई क... मसूरी-देहरादून मार्ग पर भारी भूस्खलन! मैगी पॉइंट के पास रेस्टोरेंट हुआ क्षतिग्रस्त, घंटों ठप रहा ट्र... छात्र प्रदर्शनों पर लाठीचार्ज मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश! निर्दोषों को तुरंत रिहा करने के ...

सिंधिया राजघराने की ₹40,000 करोड़ की संपत्ति विवाद में आज जिला कोर्ट में सुनवाई, महासमझौते पर टिकी नजरें

ग्वालियर: मध्य प्रदेश के ग्वालियर स्थित सिंधिया राजघराने की लगभग 40 हजार करोड़ रुपये मूल्य की विशाल संपत्ति के ऐतिहासिक विवाद में मंगलवार को जिला न्यायालय में एक बेहद महत्वपूर्ण सुनवाई होने जा रही है। इस सुनवाई के दौरान सिंधिया परिवार के दोनों पक्षों के बीच प्रस्तावित महासमझौते (Family Settlement) के साथ-साथ उत्तराधिकार और ऐतिहासिक ज्येष्ठाधिकार से जुड़े कानूनी पहलुओं पर अदालत विस्तार से विचार करेगी।

केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया, राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, पूर्व मंत्री यशोधरा राजे और परिवार के अन्य सदस्यों द्वारा विभिन्न अदालतों में प्रस्तुत फैमिली सेटलमेंट के बीच, ज्योतिरादित्य सिंधिया की बड़ी बुआ (स्वर्गीय पद्माराजे सिंधिया) की पुत्री प्रतिमा देवी ने अदालत में कैविएट (Caveat) दाखिल कर दी है। प्रतिमा देवी ने स्पष्ट किया है कि प्रस्तावित समझौते में उनके वैधानिक और उत्तराधिकार के अधिकार प्रभावित हो रहे हैं, इसलिए उनका पक्ष सुने बिना कोई भी अंतिम आदेश पारित न किया जाए।

⚖️ प्रतिमा देवी की कैविएट से फंसा कानूनी पेच, आज कोर्ट में व्यक्तिगत पेशी की संभावना

प्रतिमा देवी द्वारा ऐन वक्त पर कैविएट दायर किए जाने से इस दशकों पुराने हाई-प्रोफाइल संपत्ति विवाद में एक नया कानूनी मोड़ आ गया है। अब कानूनी जानकारों और मीडिया की नजरें आज जिला अदालत में होने वाली सुनवाई पर टिकी हैं, जिसमें प्रतिमा देवी या उनके अधिवक्ताओं के व्यक्तिगत रूप से मौजूद रहने की प्रबल संभावना जताई जा रही है।

🏰 जयविलास पैलेस से लेकर दिल्ली-गोवा की कोठियां, जानिए विवादित संपत्तियों की पूरी लिस्ट

सिंधिया परिवार की जिन प्रमुख और बहुमूल्य संपत्तियों पर कानूनी विवाद चल रहा है, उनमें देश और विदेश की ये ऐतिहासिक संपत्तियां शामिल हैं:

  • जयविलास पैलेस (ग्वालियर): लगभग 12.40 लाख वर्गफीट में फैला ऐतिहासिक पैलेस, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग ₹10,000 करोड़ है।

  • सिंधिया परिवार के शेयर: आजादी के समय सिंधिया परिवार की 100 से अधिक पंजीकृत कंपनियों में हिस्सेदारी व शेयर।

  • शिवपुरी व उज्जैन: शिवपुरी स्थित माधव विलास पैलेस, हैप्पी विलास, जॉर्ज कैसल कोठी तथा उज्जैन का भव्य कालियादेह पैलेस।

  • दिल्ली व राजपुर रोड: नई दिल्ली स्थित ऐतिहासिक ग्वालियर हाउस, राजपुर रोड का प्लॉट और सिंधिया विला।

  • पुणे, वाराणसी व गोवा: पुणे का पद्म विलास पैलेस, वाराणसी का ऐतिहासिक सिंधिया घाट तथा गोवा स्थित प्राचीन विठोबा मंदिर परिसर।

👑 जयविलास पैलेस पर ज्योतिरादित्य सिंधिया का पूर्ण स्वामित्व का दावा? फैमिली सेटलमेंट के विकल्पों पर विचार

इन सभी बहुमूल्य संपत्तियों के विवाद में सबसे अधिक ध्यान ग्वालियर स्थित जयविलास पैलेस पर केंद्रित है। कानूनी हलकों और पारिवारिक सूत्रों में चर्चा है कि केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया इस भव्य और ऐतिहासिक महल पर पूर्ण मालिकाना हक (स्वामित्व) चाहते हैं।

इसके बदले वे परिवार के अन्य सदस्यों (जैसे वसुंधरा राजे और यशोधरा राजे) को अन्य संपत्तियों, भूखंडों और शेयरों में बड़ा हिस्सा देने जैसे विकल्पों पर सहमत हो सकते हैं। हालांकि, इस पर अंतिम निर्णय अदालत की मंजूरी और परिवार के सभी सदस्यों की सर्वसम्मति पर निर्भर करेगा।