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HPCL Refinery Fire Visakhapatnam: विशाखापत्तनम में एचपीसीएल रिफाइनरी के प्लांट में लगी भीषण आग, तेज धमाके के बाद उठा धुएं का गुबार

विशाखापत्तनम: आंध्र प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक शहर विशाखापत्तनम में स्थित हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) की विशाल रिफाइनरी में सोमवार देर रात एक बड़ा हादसा उस वक्त टल गया जब वहां अचानक भीषण आग लग गई। इस घटना की सबसे राहत भरी और सुकून देने वाली बात यह रही कि समय रहते सुरक्षा उपाय सक्रिय होने के कारण किसी भी व्यक्ति के घायल होने या हताहत होने की कोई सूचना नहीं मिली है। शुरुआती तकनीकी रिपोर्ट के अनुसार, यह आग रिफाइनरी की नवनिर्मित रेजिड्यू अपग्रेडेशन फैसिलिटी (RUF) के अंतर्गत आने वाले सल्फर पिच टैंक (पिच टावर) में भड़की थी। उल्लेखनीय है कि यह यूनिट भारी वैक्यूम रेजिड्यू ऑयल को रिफाइन करके डीजल और पेट्रोल जैसे स्वच्छ और उपयोगी ईंधनों में परिवर्तित करने का काम करती है।

तेज धमाके की आवाज के साथ आसमान में उठा धुएं का गुबार, आस-पास की बस्तियों में फैल गया था कुछ देर के लिए डर का माहौल

मल्कापुरम थाना क्षेत्र की पुलिस और स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों से प्राप्त विवरण के अनुसार, दुर्घटना के वक्त प्लांट के भीतर से अचानक एक तेज धमाके की गूंज सुनाई दी। धमाका होते ही प्लांट के उस हिस्से से आग की ऊंची-ऊंची लपटें और काले धुएं का एक विशाल गुबार आसमान की तरफ उठने लगा। आग की इन डरावनी लपटों और धुएं को काफी दूर तक साफ देखा जा सकता था, जिसके कारण रिफाइनरी के आस-पास की रिहायशी बस्तियों में रहने वाले स्थानीय नागरिकों में कुछ समय के लिए भारी अफरा-तफरी और डर का माहौल बन गया था।

स्वचालित सुरक्षा प्रोटोकॉल तुरंत हुए सक्रिय, ऑन-ड्यूटी कर्मियों को सुरक्षित निकालकर यूनिट को किया गया आइसोलेट

जैसे ही प्लांट में आग लगने की घटना सामने आई, रिफाइनरी का ऑटोमेटेड सेफ्टी प्रोटोकॉल (स्वचालित सुरक्षा तंत्र) बिना एक पल गंवाए सक्रिय हो गया। सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए ड्यूटी पर तैनात सभी कर्मचारियों को फौरन सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। इसके साथ ही दमकल और सुरक्षा कर्मियों ने प्रभावित यूनिट को मुख्य संयंत्र से पूरी तरह से अलग (आइसोलेट) कर दिया, ताकि आग की यह विकराल लपटें रिफाइनरी के अन्य संवेदनशील हिस्सों तक बिल्कुल न फैल सकें।

एचपीसीएल की आंतरिक फायर टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद पाया आग पर पूरी तरह काबू, बाहरी मदद की नहीं पड़ी जरूरत

मल्कापुरम के पुलिस इंस्पेक्टर ई. नरसिम्हा राव ने स्थिति स्पष्ट करते हुए एक आधिकारिक संदेश के माध्यम से आम जनता को पूरी तरह आश्वस्त किया कि वर्तमान में हालात पूरी तरह से नियंत्रण के भीतर हैं। एचपीसीएल की अपनी आंतरिक फायर एंड सेफ्टी टीम ने अपने ही आधुनिक फायर टेंडर्स की सहायता से और बिना किसी देरी के कड़ी मशक्कत करते हुए आग को प्रभावी ढंग से दबा दिया। राहत की बात यह रही कि इस आपातकालीन ऑपरेशन को पूरा करने के लिए किसी भी बाहरी दमकल वाहन या एजेंसी की सहायता लेने की आवश्यकता नहीं पड़ी।

पुलिस कमिश्नर शंखब्रत बागची ने की पुष्टि, केवल टैंक तक सीमित रही आग से नहीं हुआ कोई बड़ा जान-माल का नुकसान

विशाखापत्तनम के पुलिस कमिश्नर शंखब्रत बागची ने इस घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि आग का दायरा पूरी तरह से उसी एक विशिष्ट टैंक तक ही सीमित रहा, जिसके कारण कोई बड़ा और विकट संकट खड़ा नहीं हुआ। प्रशासन की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया कि आग के दौरान उठा धुआं किसी भी प्रकार से जहरीला या हानिकारक नहीं था। हालांकि इस दुर्घटना में किसी भी मानव जीवन की क्षति नहीं हुई है, लेकिन प्रारंभिक आकलन के अनुसार पिच यूनिट के ढांचों (स्ट्रक्चर) को आंशिक रूप से काफी नुकसान पहुंचने की आशंका जरूर जताई जा रही है।