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Jagtar Singh Hawara Parole: पूर्व सीएम बेअंत सिंह की हत्या के मामले में सजा काट रहे जगतार सिंह हवारा को मिल सकती है पैरोल

पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे जगतार सिंह हवारा को अपनी बीमार मां से मिलने के लिए 6 घंटे की पैरोल मिल सकती है। सूत्रों के अनुसार, इस संबंध में कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है। हालांकि, पैरोल को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।

👮‍♂️ कस्टडी पैरोल ठुकराने के बाद अब सामान्य पैरोल की चर्चा

इससे पहले भी हवारा को अपनी गंभीर रूप से बीमार मां से मिलने के लिए पुलिस सुरक्षा के साथ कस्टडी पैरोल (Custody Parole) दी गई थी, लेकिन उसने भारी सुरक्षा घेरे में मां से मिलने जाने से साफ इनकार कर दिया था। हवारा सामान्य पैरोल की मांग कर रहा था, जबकि जेल अधिकारियों का तर्क था कि एक हाई-रिस्क कैदी होने के कारण उसकी सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सशस्त्र पुलिसकर्मियों की तैनाती बेहद जरूरी है।

🏛️ सीएम भगवंत मान ने की थी पैरोल की सिफारिश

इस मामले में कुछ समय पहले पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात कर जगतार सिंह हवारा को 10 दिन की पैरोल देने की सिफारिश की थी। मुख्यमंत्री ने यह भी भरोसा दिलाया था कि यदि उसे पैरोल मिलती है, तो राज्य में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने की पूरी जिम्मेदारी पंजाब सरकार की होगी।

💥 क्या था 1995 का बेअंत सिंह हत्याकांड?

आपको बता दें कि 31 अगस्त 1995 को चंडीगढ़ सिविल सचिवालय के ठीक बाहर हुए एक शक्तिशाली बम धमाਕੇ में तत्कालीन मुख्यमंत्री बेअंत सिंह समेत कुल 17 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई थी। इस चर्चित मामले में विशेष अदालत ने वर्ष 2007 में जगतार सिंह हवारा को मौत की सजा सुनाई थी, जिसे बाद में साल 2010 में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने उम्रकैद में बदल दिया था। हवारा पिछले लंबे समय से जेल में अपनी सजा काट रहा है, और अब अपनी बीमार मां से मुलाकात के सिलसिले में उसकी संभावित पैरोल को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।