धनबाद के प्रतिष्ठित संस्थान आईआईटी (आईएसएम) ने क्लीन टेक्नोलॉजी, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और सस्टेनेबल एनर्जी के क्षेत्र में रिसर्च को नई रफ्तार देने के लिए ‘ऊर्जा मोबिलिटी’ के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता (MoU) किया है। इस रणनीतिक साझेदारी के तहत संस्थान और कंपनी मिलकर औद्योगिक (इंडस्ट्री) चुनौतियों का अध्ययन करेंगे और रिसर्च के माध्यम से उनके व्यावहारिक समाधान तलाशेंगे।
🤝 30 सितंबर को हुआ एमओयू साइन, निदेशक प्रो. सुकुमार मिश्रा और अन्य दिग्गजों की रही मौजूदगी
आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में 30 सितंबर को इंडस्ट्री और एकेडमिक क्षेत्र के बीच सहयोग को लेकर यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। संस्थान के मैनेजमेंट स्टडीज एंड इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग विभाग ने एमटीओडब्ल्यू मोबिलिटी प्राइवेट लिमिटेड के ब्रांड ‘ऊर्जा मोबिलिटी’ के साथ समझौते पर हस्ताक्षर किए। इस दौरान संस्थान के निदेशक प्रो. सुकुमार मिश्रा ने इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और ऊर्जा क्षेत्र की वर्तमान जरूरतों पर विस्तार से चर्चा की। एमओयू पर ऊर्जा मोबिलिटी के फाउंडर पंकज चोपड़ा, को-फाउंडर अनघ ओझा और आईआईटी के डीन प्रो. पार्थसारथी दास व अन्य प्रोफेसरों ने हस्ताक्षर किए।
🔋 “चार्ज्ड फॉर इम्पैक्ट” थीम पर हुआ इंडस्ट्री-अकादमिक संवाद, रीसाइक्लिंग और ग्रीन एनर्जी पर जोर
इस साझेदारी के तहत संयुक्त शोध परियोजनाओं, फैकल्टी और इंडस्ट्री के बीच संवाद तथा वास्तविक औद्योगिक समस्याओं के तकनीकी समाधान पर काम होगा। इस अवसर पर “चार्ज्ड फॉर इम्पैक्ट” थीम पर एक विशेष संवाद भी हुआ, जिसमें पंकज चोपड़ा और अनघ ओझा ने ऊर्जा क्षेत्र व सस्टेनेबल स्केल पर अपने विचार रखे। इसके अलावा, एक्सिगो रीसाइक्लिंग के एमडी रमन शर्मा ने संसाधनों के दोबारा इस्तेमाल से जुड़े अनुभव साझा किए। यह पहल ग्रीन मोबिलिटी और सर्कुलर इकोनॉमी को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है।