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MP News: इंदौर में ‘छात्रों की गूंज’ के बाद राहुल गांधी का बड़ा कदम; सीएम मोहन यादव से ओबीसी अभ्यर्थियों को नियुक्ति देने की अपील

भोपाल। इंदौर में आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के बाद लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. Mohan Yadav को पत्र लिखा है। उन्होंने इस पत्र को अपने सोशल मीडिया हैंडल पर भी सार्वजनिक किया है। पत्र में राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री से प्रदेश में अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) को 27 प्रतिशत आरक्षण व्यवस्था पूर्ण रूप से लागू करने और इसके कारण लंबे समय से रुकी हुई 13 प्रतिशत होल्ड नियुक्तियों के चयनित अभ्यर्थियों को तत्काल नियुक्ति पत्र जारी करने की पुरजोर मांग की है।

📢 ‘2022 से नियुक्ति का इंतजार कर रहे हैं युवा’: राहुल गांधी ने पत्र में बयां किया छात्रों का दर्द

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नाम लिखे गए पत्र में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने लिखा, “इंदौर में ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के दौरान मध्य प्रदेश के कई छात्रों ने शिक्षा, रोजगार और अपने भविष्य को लेकर गंभीर मुद्दे उठाए हैं। इसमें ओबीसी आरक्षण के चलते रुकी हुई सरकारी नियुक्तियों का मामला प्रमुखता से सामने आया है।”

उन्होंने आगे लिखा, “लंबे समय से रुकी नियुक्तियों की वजह से युवा लगातार अपने भविष्य को लेकर अनिश्चितता का सामना कर रहे हैं। इन प्रतिभावान युवाओं ने सभी परीक्षाएं उत्तीर्ण कर चयन की पूरी प्रक्रिया पूरी कर ली है, लेकिन इसके बावजूद 87:13 व्यवस्था के तहत ओबीसी आरक्षण से जुड़े 13 फीसदी पदों को होल्ड पर रखा गया है। इन पदों पर चयनित अभ्यर्थी वर्ष 2022 से आज तक नियुक्ति का इंतजार कर रहे हैं।”

🤝 ‘सर्वसम्मति के बाद भी समाधान नहीं’: राहुल गांधी ने सीएम से छात्रों के प्रतिनिधिमंडल से मिलने का किया अनुरोध

राहुल गांधी ने पत्र में स्पष्ट करते हुए लिखा, “प्रदेश के सभी राजनीतिक दलों ने सर्वसम्मति से 27 फीसदी ओबीसी आरक्षण का समर्थन किया है, फिर भी इस संवेदनशील मुद्दे का समाधान अब तक नहीं निकल सका है। इसी प्रशासनिक देरी की वजह से अभ्यर्थी अपने हक और नियुक्ति की मांग को लेकर बार-बार सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर हो रहे हैं।”

राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री से विशेष अनुरोध किया, “छात्रों के प्रतिनिधियों से मिलकर उनकी बात सहानुभूतिपूर्वक सुनें और जल्द से जल्द इस समस्या का स्थाई समाधान निकालें। अभ्यर्थियों का पहले ही काफी कीमती वक्त बर्बाद हो चुका है, इसलिए अब बिना किसी विलंब के 27 फीसदी ओबीसी आरक्षण लागू कर 13 फीसदी होल्ड पदों के सभी चयनित उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र सौंपे जाएं।”

🗣️ ‘कमलनाथ सरकार ने ही रोके थे पद’: राहुल गांधी के पत्र पर कैबिनेट मंत्री विश्वास सारंग का तीखा पलटवार

राहुल गांधी द्वारा मुख्यमंत्री को लिखे गए पत्र पर मध्य प्रदेश सरकार के सहकारिता एवं खेल मंत्री विश्वास सारंग ने कड़ा पलटवार किया है।

मंत्री विश्वास सारंग ने कहा, “राहुल गांधी को संभवतः यह पता ही नहीं होता कि उनके पत्रों में क्या लिखा जाता है। राहुल गांधी जिस 27 फीसदी ओबीसी आरक्षण की बात कर रहे हैं, उसे रोकने का काम पूर्ववर्ती कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने ही किया था। जबकि भारतीय जनता पार्टी की सरकार ओबीसी वर्ग को आरक्षण का पूरा लाभ देने के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में लगातार प्रभावी कदम उठा रही है।”

⚖️ हाई कोर्ट में सुनवाई पूरी, फैसला सुरक्षित: 5 अगस्त को पूरी हुई थी अंतिम बहस

उल्लेखनीय है कि मध्य प्रदेश में 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण के कानूनी मामले पर मध्य प्रदेश हाई कोर्ट में सुनवाई बीती 05 अगस्त को ही पूरी हो चुकी है।

अदालत ने दोनों पक्षों की विस्तृत बहस सुनने के बाद इस मामले पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। जस्टिस आनंद पाठक और जस्टिस विनय सराफ की खंडपीठ (Bench) में इस मामले की अंतिम सुनवाई संपन्न हुई थी, और अब इस पर उच्च न्यायालय का अंतिम निर्णय आना बाकी है।