Haryana Education News: हरियाणा के स्कूलों में कक्षा 3 से 9वीं तक अनिवार्य होगी योग शिक्षा; CM नायब सैनी का बड़ा ऐलान
चंडीगढ़: अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 के अवसर पर पंचकूला में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में मुख्यमंत्री नायब सैनी ने प्रदेश में स्वास्थ्य और जीवनशैली को लेकर कई क्रांतिकारी घोषणाएं की हैं। मुख्यमंत्री ने योग को एक ‘जन आंदोलन’ बनाने का संकल्प लेते हुए कहा कि अब हरियाणा की शिक्षा व्यवस्था में योग का विशेष स्थान होगा।
📚 पाठ्यक्रम और शिक्षक प्रशिक्षण
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि आगामी शैक्षणिक सत्र से कक्षा 3 से 9वीं तक के छात्रों के लिए योग शिक्षा अनिवार्य होगी। इसके लिए प्रदेश के पी.टी.आई., डी.पी.ई.डी., पी.जी.टी. और चिह्नित पी.आर.टी. शिक्षकों को विशेष योग प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि प्रत्येक स्कूल में बच्चों को नियमित योगाभ्यास कराया जा सके।
🏛️ संस्थान और परीक्षा में बदलाव
राज्य के युवाओं के भविष्य के लिए सीएम ने कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं:
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मोरनी में संस्थान: मोरनी में ‘राज्य स्तरीय योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा संस्थान’ की स्थापना होगी, जहाँ स्नातक स्तर के पाठ्यक्रम चलाए जाएंगे।
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परीक्षाओं में योग: अब एच.एस.एस.सी. (HSSC) और एच.पी.एस.सी. (HPSC) की सभी परीक्षाओं में योग से जुड़े प्रश्न अनिवार्य रूप से पूछे जाएंगे।
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खेल नीति: योगासन को आधिकारिक रूप से एक ‘खेल विद्या’ का दर्जा दिया जाएगा।
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आयुष कोच: आयुष योग कोच और प्रशिक्षकों के खाली पड़े पदों पर जल्द ही भर्तियां की जाएंगी।
🎶 प्रार्थना सभा में होगा राज्य गीत का गायन
मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रदेश के सभी सरकारी विद्यालयों में अब प्रार्थना सभा के दौरान ‘राज्य गीत’ का सामूहिक गायन अनिवार्य होगा। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों में अनुशासन, राज्य के प्रति गौरव, सांस्कृतिक मूल्यों और राष्ट्रीय चेतना का विकास करना है।