ब्रेकिंग
सतना जिला अस्पताल में बड़ा नियम उल्लंघन: पीएम हाउस में घुसाई गईं स्कूली छात्राएं, सामने कराया गया पो... सागर यूनिवर्सिटी और महार रेजीमेंट की नई पहल: अग्निवीरों के लिए शुरू होगा 'ड्रोन टेक्नोलॉजी' कोर्स, न... भोपाल में 80 हजार दुकानों पर मंडराया संकट: सुप्रीम कोर्ट के आदेश से 5 लाख लोगों का रोजगार खतरे में; ... सागर कॉन्वेंट स्कूल विवाद: पहचान पत्र पर आदिवासी नाम मिलने से भड़का गुस्सा; प्राचार्या सिस्टर केथरिन... छतरपुर हत्याकांड का खुलासा: शराब के नशे में विवाद के बाद पड़ोसी ने लाठी से की हत्या, कुल्हाड़ी से का... छतरपुर हत्याकांड का खुलासा: शराब के नशे में विवाद के बाद पड़ोसी ने लाठी से की हत्या, कुल्हाड़ी से का... JPSC परीक्षा धांधली: सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल; सेवानिवृत्त जज की अध्यक्षता में SIT और CBI जांच... JPSC-JSSC धांधली के खिलाफ रांची में छात्रों का हुंकार: मंत्री प्रतिनिधिमंडल संग बैठक विफल, TDPL कंपन... कांवड़ सेवा से समाज में सेवा, संस्कार और सहयोग की भावना मजबूत होती है : Mukesh Sharma राहुल गांधी की पोस्ट पर किरेन रिजिजू का पलटवार, कहा— "राहुल की सोच बदली, उम्मीद है महिला आरक्षण बिल ...

Congress vs RJD Jharkhand: राज्यसभा चुनाव परिणाम के बाद कांग्रेस-राजद आमने-सामने; ‘घटिया मानसिकता’ वाले बयान पर मचा बवाल

रांची: राज्यसभा चुनाव के नतीजों ने झारखंड के महागठबंधन में दरार के संकेत दे दिए हैं। एनडीए समर्थित उम्मीदवार की जीत और कांग्रेस प्रत्याशी प्रणव झा की हार के बाद, झारखंड कांग्रेस के प्रभारी के. राजू ने सीपीआई माले और राजद पर हार का ठीकरा फोड़ा। इस बयान के बाद राजद ने कड़ा रुख अपनाते हुए कांग्रेस नेतृत्व की तीखी आलोचना की है।

🗣️ राजद का पलटवार: ‘गठबंधन को कमजोर करने की कोशिश’

राजद के प्रदेश प्रवक्ता डॉ. मनोज कुमार ने प्रेस रिलीज जारी कर के. राजू के आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा कि राजद एक सिद्धांतवादी पार्टी है और साम्प्रदायिक शक्तियों के खिलाफ लड़ना हमारे नेताओं (लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव) का इतिहास रहा है। उन्होंने कांग्रेस प्रभारी पर गठबंधन को कमजोर करने और अपनी हार का दोष दूसरों पर मढ़ने के लिए ‘घटिया मानसिकता’ अपनाने का आरोप लगाया।

🗳️ ‘ईमानदारी पर कोई संदेह नहीं’

राजद प्रवक्ता ने याद दिलाया कि चुनाव के दौरान राष्ट्रीय महासचिव भोला प्रसाद यादव खुद चुनाव एजेंट के रूप में विधानसभा में उपस्थित थे। राजद के चारों विधायकों ने अपना वोट उन्हें दिखाकर दिया था, जो पार्टी की पारदर्शिता और गठबंधन के प्रति ईमानदारी को साबित करता है। राजद का कहना है कि सार्वजनिक रूप से ऐसी बयानबाजी करने से पहले कांग्रेस को आत्मचिंतन करना चाहिए।

📉 गठबंधन का भविष्य और समीक्षा की मांग

राजद ने स्पष्ट किया कि इस तरह की बयानबाजी से महागठबंधन को नुकसान हो रहा है। डॉ. मनोज कुमार ने मांग की कि मीडिया में बयान देने के बजाय गठबंधन की बैठक बुलाकर चुनावी नतीजों की समीक्षा की जानी चाहिए। उन्होंने कांग्रेस के तमाम नेताओं को नसीहत दी कि वे ऐसी बयानबाजी से बचें ताकि गठबंधन बना रहे और भविष्य की चुनौतियों का सामना मजबूती से किया जा सके।