Railway Job Fraud: रेलवे में नौकरी के नाम पर ठगी, CBI ने इंटरनेशनल रेफरी और महिला वेटलिफ्टर को किया गिरफ्तार
दुर्ग/रायपुर: छत्तीसगढ़ में रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर कथित रूप से लाखों रुपये की ठगी करने वाले दो रेल कर्मचारियों को केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने गिरफ्तार किया है। सीबीआई की टीम ने यह बड़ी कार्रवाई शनिवार को रायपुर और दुर्ग में एक साथ दबिश देकर की। आधिकारिक शिकायत के आधार पर की गई इस कार्रवाई के तहत अंतर्राष्ट्रीय बॉडी बिल्डिंग रेफरी और रेलवे कर्मचारी बी. राजशेखर राव को दुर्ग से गिरफ्तार किया गया, जबकि रेलवे कर्मचारी और नामी वेटलिफ्टर राजलक्ष्मी को रायपुर से हिरासत में लिया गया है।
💵 नौकरी दिलाने के नाम पर ऐंठे लाखों रुपए: दुर्ग की न्यू पुलिस लाइन और रायपुर में सीबीआई की ताबड़तोड़ छापेमारी
गिरफ्तार आरोपी बी. राजशेखर राव और वेटलिफ्टर राजलक्ष्मी पर आरोप है कि उन्होंने भारतीय रेलवे में विभिन्न पदों पर पक्की नौकरी लगवाने का झांसा देकर कई बेरोजगार युवाओं से कथित रूप से लाखों रुपये की वसूली की थी। सीबीआई की विशेष टीम शनिवार सुबह दुर्ग के न्यू पुलिस लाइन इलाके में पहुंची, जहां घेराबंदी कर अंतर्राष्ट्रीय रेफरी बी. राजशेखर राव को पकड़ा गया। वहीं, रायपुर के मंडल रेल प्रबंधक (DRM) कार्यालय में पदस्थ राजलक्ष्मी को भी लंबी पूछताछ के बाद आधिकारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया।
🔎 ठिकानों से मिला भारी कैश और दस्तावेज: डीआरएम कार्यालय रायपुर ने की सीबीआई की इस बड़ी कार्रवाई की पुष्टि
सीबीआई की इस पूरी संयुक्त कार्रवाई के दौरान दोनों ही आरोपियों के घरों और अन्य संदिग्ध ठिकानों पर सघन सर्च ऑपरेशन चलाया गया। जांच के दौरान सीबीआई को आरोपियों के ठिकानों से लाखों रुपये का संदिग्ध कैश और रेलवे भर्ती से जुड़े कई अहम व फर्जी दस्तावेज मिले हैं, जिन्हें जब्त कर लिया गया है। सूत्रों के मुताबिक, दोनों के खिलाफ लंबे समय से रेलवे में नौकरी लगाने के नाम पर पैसे वसूलने की गोपनीय शिकायतें मिल रही थीं। प्रारंभिक जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद सीबीआई ने यह कदम उठाया।
❓ जांच और पूछताछ का दौर जारी: ठगी का शिकार हुए लोगों का पता लगाने में जुटी पुलिस, हो सकते हैं बड़े खुलासे
डीआरएम कार्यालय रायपुर ने भी अपने स्तर पर सीबीआई की इस बड़ी दंडात्मक कार्रवाई की पुष्टि की है। हालांकि, अभी तक आधिकारिक रूप से यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इन आरोपियों ने मिलकर कितने युवाओं को अपनी ठगी का शिकार बनाया है और अब तक कुल कितने करोड़ या लाख रुपये की रकम ऐंठी है। सीबीआई की टीम दोनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर लगातार पूछताछ कर रही है, जिससे उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में इस रेलवे जॉब स्कैम से जुड़े कई और बड़े चेहरों और खुलासों पर से पर्दा उठ सकता है।