ब्रेकिंग
Tamil Nadu Election 2026: अभिनेता विजय का चुनावी आगाज, दो विधानसभा सीटों— पेरम्बूर और त्रिची ईस्ट से... Rahul Gandhi Gujarat Attack: गुजरात में दलित-आदिवासी उत्पीड़न का मुद्दा, राहुल गांधी के आरोपों से गर... Lok Sabha Session: लोकसभा में गूंजेगा नक्सलवाद का मुद्दा, गृह मंत्री अमित शाह बताएंगे नक्सलवाद खत्म ... उत्तम नगर में 'उड़ता दिल्ली'! सौरभ भारद्वाज का सनसनीखेज आरोप- 'खुलेआम बिक रहा नशा, सो रही है पुलिस' Amit Shah on Assam UCC: असम में यूसीसी की तैयारी! चार शादियों पर रोक और नए कानून को लेकर गृह मंत्री ... Harvesting Accident News: हार्वेस्टर से गेहूं की कटाई के दौरान हाईटेंशन लाइन की चपेट में आई मशीन, चा... Nandigram Assembly Election: नंदीग्राम में इस बार भी खिलेगा कमल, केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने... Purnia Mystery Case: मरा हुआ युवक लौटा जिंदा! पूर्णिया में जिसकी लाश जलाई गई वह कौन था? इलाके में फै... Faridkot News: नशा विरोधी अभियान में फरीदकोट बना नंबर वन जिला, पंजाब पुलिस ने ऐसे कंट्रोल किया क्राइ... Firozabad Road Accident: फिरोजाबाद में वैगनआर और बोलेरो की भीषण भिड़ंत, हादसे में 1 की मौत, 4 गंभीर ...

नहीं रहे पद्म विभूषण उस्ताद जाकिर हुसैन, तबला मेस्ट्रो ने 73 की उम्र में ली आखिरी सांस

 अपने तबले की धुन से सभी को मंत्रमुग्ध कर देने वाला चला गया. संगीत जगत के लिए बहुत दुखद खबर सामने आई है. तबला मास्टर जाकिर हुसैन अब इस दुनिया में नहीं रहे. एक समय ऐसा था जब जाकिर हुसैन के कंसर्ट में एक अलग ही महफिल नजर आती थी. बड़े-बड़े संगीतकारों संग उनकी जुगलबंदी का दर्शक आनंद लेते थे. उनके तबला बजाने के अंदाज की दुनिया कायल थी. वे अपनी फील्ड के सबसे बड़े उस्ताद थे. लेकिन 73 साल की उम्र में पद्म विभूषण जाकिर हुसैन ने दुनिया को अलविदा कह दिया.

उस्ताद जाकिर हुसैन अपनी फील्ड के सबसे बड़े उस्ताद थे. उनके हुनर का लोहा सभी ने माना. भले ही पिछले काफी समय से वे भारत में नहीं रह रहे थे और अमेरिका शिफ्ट हो गए थे लेकिन वे हर एक देशवासी के दिलों में बसते थे. इससे पहले जाकिर हुसैन के बहनोई अयूब औलिया ने उनकी सेहत बिगड़ने की जानकारी फैंस संग साझा की. इसके अलावा जाकिर के करीबी दोस्त और मुरलीवादक राकेश चौरसिया ने भी पिछले हफ्ते जाकिर हुसैन की हेल्थ को लेकर अपडेट दिया था. उन्होंने बताया था कि जाकिर हुसैन ब्लड प्रेशर से जुड़ी समस्याओं से जूझ रहे हैं.

जाकिर हुसैन का जन्म 9 मार्च 1951 को मुंबई में हुआ था. उनके पिता उस्ताद अल्लाह राखा देश के नामी तबलावादक थे. वे पंडित रवि शंकर और उस्ताद जाकिर हुसैन जैसे महान कलाकारों संग जुगलबंदी करते थे. पिता अल्लाह राखा की राह पर ही चलते हुए उस्ताद जाकिर हुसैन ने संगीत को ही अपना करियर चुना और उसे ही अपना जीवन भी बना लिया.