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सरकार संविधान को कमजोर कर रही है… वन नेशन वन इलेक्शन के मुद्दे पर बोलीं महबूबा मुफ्ती

पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) की जनरल काउंसिल बैठक में पार्टी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने केंद्र सरकार और नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) पर तीखा हमला बोला. महबूबा ने जम्मू-कश्मीर के शासन, बेरोजगारी, बिजली संकट, और आरक्षण जैसे मुद्दों पर अपनी पार्टी की मजबूती दिखाते हुए कहा कि PDP किसी भी हाल में अपने एजेंडे से समझौता नहीं करेगी. उन्होंने कहा कि भले ही PDP के पास केवल तीन विधायक हैं, लेकिन उनकी पार्टी जनता की आवाज को उठाना जारी रखेगी.

महबूबा ने कश्मीर में सेल्फ रूल की अवधारणा पर जोर देते हुए कहा कि PDP ने संख्याबल के अभाव में भी इसे लागू किया. उन्होंने स्वशासन की व्याख्या करते हुए कहा कि स्वशासन का मतलब है जम्मू-कश्मीर में वास्तविक स्वतंत्रता. सीमाओं को खत्म करना और हुर्रियत से बातचीत करना इसके मुख्य बिंदु हैं.आगे महबूबा ने नेशनल कान्फ्रेंस पर हमला बोलते हुए कहा कि उनके पास बहुमत है, लेकिन वे बिजली संकट, आरक्षण, और अन्य प्रमुख मुद्दों पर चुप हैं.

वन नेशन वन इलेक्शन पर क्या बोली महबूबा?

हम नेशनल कान्फ्रेंस से अनुच्छेद 370 का समाधान नहीं मांग रहे, लेकिन कम से कम वे इन महत्वपूर्ण मुद्दों को उठा सकते हैं. वन नेशन वन इलेक्शन के मुद्दे पर महबूबा ने एनडीए सरकार की कड़ी आलोचना की. उन्होंने कहा कि यह नीति भारत के संघीय ढांचे को कमजोर करती है. महबूबा ने इसे लोकतंत्र के लिए खतरनाक बताते हुए कहा, ‘यह सरकार संविधान को कमजोर कर रही है और हमें पुराने तानाशाही युग की ओर ले जा रही है. भारत एक संघीय देश है, और इस संरचना का सम्मान किया जाना चाहिए.’

नेशनल कान्फ्रेंस को भी आड़े हाथों लिया

महबूबा ने नेशनल कान्फ्रेंस को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि उनके पास 45 से अधिक विधायक और दो सांसद हैं, लेकिन वे जनता के असली मुद्दों को उठाने के बजाय चुप्पी साधे हुए हैं. उन्होंने कहा कि NC नेता दिल्ली यात्रा और गुलमर्ग में फोटो खिंचवाने में व्यस्त हैं, जबकि जनता बेरोजगारी और बिजली की कमी से जूझ रही है. महबूबा ने सवाल किया कि दो सरकारी कर्मचारियों को बर्खास्त क्यों किया गया और NC जैसे दल इस पर क्यों नहीं बोल रहे.

कांग्रेस पूरी ताकत से चुनाव नहीं लड़ी

महबूबा ने 2024 के लोकसभा चुनावों में कांग्रेस की निष्क्रियता पर भी सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस पूरी ताकत से चुनाव लड़ती, तो परिणाम अलग हो सकते थे. उन्होंने आगामी बजट सत्र के लिए प्राथमिकताओं पर जोर देते हुए कहा कि सबसे पहला मुद्दा बेरोजगारी और दूसरा बिजली संकट होना चाहिए. महबूबा ने कहा कि PDP जनता के हर मुद्दे पर मजबूती से खड़ी है और उनकी पार्टी किसी भी हालत में अपने मूल एजेंडे से पीछे नहीं हटेगी.