Himachal Shaktipeeth Timings Changed: नवरात्रि पर उमड़ी भारी भीड़, हिमाचल के प्रमुख मंदिरों के खुलने और दर्शन के समय में हुआ बदलाव
हिमाचल प्रदेश में प्रसिद्ध शक्तिपीठों के दर्शन के लिए जाने वाले देश-दुनिया के श्रद्धालुओं के लिए एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। शारदीय नवरात्रों के दौरान शक्तिपीठों में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भारी और अपार भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने मंदिरों के खुलने और दर्शन के समय में बदलाव कर दिया है। दरअसल, नवरात्रों की शुरुआत होते ही शुरुआती दिनों में ही प्रदेश के 6 प्रमुख मंदिरों में 1 लाख 65 हजार से अधिक श्रद्धालु माता के दरबार में हाजिरी लगा चुके हैं। इस दौरान शक्तिपीठों के साथ-साथ अन्य देवी मंदिरों में भी सुबह से लेकर देर शाम तक भक्तों का तांता लगा हुआ है, जिसे नियंत्रित करने के लिए यह निर्णय लिया गया है।
⏰ प्रमुख मंदिरों के बदले हुए दर्शन और खुलने के समय
श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ और सुगम दर्शन व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए प्रमुख मंदिरों का समय इस प्रकार निर्धारित किया गया है:
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श्री नैना देवी मंदिर: इस प्रसिद्ध मंदिर के कपाट अब रात 3 बजे से ही खोल दिए जा रहे हैं, जहाँ श्रद्धालु रात 11:30 बजे तक लगातार दर्शन कर सकते हैं।
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मां चिंतपूर्णी मंदिर: यहाँ भक्तों के लिए दर्शन का समय सुबह 4 बजे से शुरू कर दिया जाता है।
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मां ज्वालाजी, मां बज्रेश्वरी देवी और मां चामुंडा देवी मंदिर: इन सभी प्रमुख शक्तिपीठों में सुबह 5 बजे से दर्शनों की शुरुआत हो जाती है।
🛡️ 5 शक्तिपीठों में 1,200 से अधिक जवान संभाल रहे सुरक्षा कमान
नवरात्र के इस पावन पर्व पर सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हिमाचल प्रदेश के 5 प्रमुख शक्तिपीठों में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है। इन संवेदनशील मंदिरों में पुलिस और होमगार्ड के 1,200 से अधिक जवानों को तैनात किया गया है। मंदिर परिसरों और आसपास के सभी मार्गों पर सीसीटीवी कैमरों के साथ-साथ ड्रोन के माध्यम से भी पैनी नजर रखी जा रही है।
आपको बता दें कि इन नवरात्रों में हिमाचल के अलावा पंजाब, चंडीगढ़, हरियाणा, जम्मू और दिल्ली से भारी संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए पहुँच रहे हैं। इस अवसर पर मंदिरों को रंग-बिरंगे फूलों और आकर्षक लाइटों से भव्य रूप से सजाया गया है, जहाँ लगातार विशेष पूजा-अर्चना जारी है। शक्तिपीठों के अलावा शिमला के ऐतिहासिक कालीबाड़ी, तारादेवी और मां हाटेश्वरी मंदिर तथा सोलन के प्रसिद्ध मां शूलिनी मंदिर में भी श्रद्धालुओं का भारी सैलाब देखने को मिल रहा है।