Delhi Crime News: नाबालिग से दुष्कर्म मामले में आरोपियों का खुलासा, पार्क की टूटी दीवारों और सुरक्षा पर उठे गंभीर सवाल
दिल्ली के चर्चित आस्था कुंज पार्क में नाबालिग से कथित गैंगरेप के मामले में पुलिस की पूछताछ में हैरान करने वाले खुलासे हुए हैं. आरोपियों ने पीड़ितों को डराने के लिए खुद को पुलिसकर्मी बताया था और उनके पास पिस्तौल भी थी, जिससे पीड़ितों को उनके पुलिस होने का विश्वास हो गया था. संयुक्त पुलिस आयुक्त विजय कुमार ने बताया कि आरोपियों को कानून और नियमों की अच्छी जानकारी थी, जिसके चलते उन्होंने पार्क में बैठे दोनों नाबालिगों के साथ पुलिस जैसी रौबदार भाषा का इस्तेमाल कर उन्हें धमकाया था.
📱 2. फोन जांच में नहीं मिला कुछ संदिग्ध, आरोपी आसिफ ने कबूला जुर्म; जन्मदिन मनाने दिल्ली आई थी पीड़िता
पुलिस ने गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों से लंबी पूछताछ की और उनके मोबाइल फोन व अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की गहन जांच की, लेकिन उनके पास से पुलिस से संबंधित कोई फर्जी पहचान पत्र, फोटो या वीडियो बरामद नहीं हुआ. आरोपी आसिफ ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उन्होंने दोनों को अकेले में देखकर डराने और फायदा उठाने के लिए खुद को पुलिसकर्मी बताया था. पुलिस सूत्रों के अनुसार, पीड़िता का 21 सितंबर को जन्मदिन था, जिसके लिए वह अपने दोस्त के साथ मंदिर में दर्शन करने और दिल्ली घूमने आई थी.
🧱 3. पार्क की टूटी दीवारें और लचर सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल, पहले भी हो चुकी हैं कई गंभीर आपराधिक वारदातें
इस सनसनीखेज घटना ने लगभग 143 एकड़ में फैले आस्था कुंज पार्क की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. हालांकि पार्क के सात प्रवेश द्वारों पर सुरक्षाकर्मियों की तैनाती रहती है और शाम को पुलिस वैन भी गश्त करती है, लेकिन पार्क की कई जगहों पर टूटी हुई दीवारें सुरक्षा को पूरी तरह बेअसर कर रही हैं, जहां से बदमाश आसानी से अंदर घुस जाते हैं. इतिहास पर नजर डालें तो इस पार्क में साल 2019 में महिला से दुष्कर्म, 2014 में लूट के दौरान 19 वर्षीय युवक की हत्या, जून 2025 में अमेरिकी नागरिक पर हमला और कुख्यात गैंगस्टर बहादुर जोगा का एनकाउंटर जैसी कई बड़ी वारदातें हो चुकी हैं.