नाश्ते की ये गलतियां बढ़ा सकती हैं ‘बैड कोलेस्ट्रॉल’! कार्डियोलॉजिस्ट से जानिए दिल को सेहतमंद रखने का सही तरीका
मेडिकल साइंस में बैड कोलेस्ट्रॉल को लो-डेंसिटी लिपोप्रोटीन (LDL) कहा जाता है। जब शरीर में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा जरूरत से ज्यादा बढ़ जाती है, तो यह धमनियों (Arteries) की अंदरूनी दीवारों पर मोम जैसे क्रिस्टल (पट्टिका या प्लाक) के रूप में जमने लगता है। इस प्लाक के जमने से धमनियां संकरी और सख्त होकर ब्लॉक होने लगती हैं। डॉक्टरी भाषा में इस गंभीर स्थिति को एथेरोस्क्लेरोसिस (Atherosclerosis) कहा जाता है।
धमनियों के ब्लॉक होने से हमारे शरीर में रक्त का प्रवाह बुरी तरह प्रभावित होता है और आगे चलकर यह स्थिति हार्ट अटैक या कार्डियक अरेस्ट का कारण बन जाती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, हाई कोलेस्ट्रॉल की मुख्य वजह गलत खानपान, अधिक तला-भुना खाना और ट्रांस फैट का सेवन है। इसके अलावा शारीरिक गतिविधियों की कमी (सेडेंटरी लाइफस्टाइल), मोटापा, धूम्रपान और अत्यधिक तनाव भी कोलेस्ट्रॉल बढ़ाने वाले प्रमुख कारण हैं।
🍳 क्या आप भी नाश्ते में कर रहे हैं ये गलतियां? एक्सपर्ट्स से जानिए सच्चाई
क्या आप जानते हैं कि सुबह के नाश्ते में आपके द्वारा खाई जाने वाली चीजें भी शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल की समस्या को जन्म दे सकती हैं? दिल्ली के श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट के कार्डियोलॉजी डायरेक्टर डॉ. अमर सिंघल के अनुसार, हाई कोलेस्ट्रॉल केवल दवाओं से नहीं, बल्कि हमारी रोजमर्रा की खानपान की आदतों से भी काफी हद तक प्रभावित होता है।
कार्डियोलॉजी के नजरिए से यदि बात करें, तो नाश्ते में बार-बार सैचुरेटेड फैट, ट्रांस फैट और रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट से भरपूर चीजें जैसे—तले हुए स्नैक्स, अत्यधिक मक्खन या घी में डूबे पराठे, बेकरी प्रोडक्ट्स (पेस्ट्री, कचौरी, बिस्कुट), प्रोसेस किया हुआ मीट और मीठे सीरियल्स का सेवन करने से शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल (LDL) का स्तर तेजी से बढ़ता है। समय के साथ यह एथेरोस्क्लेरोसिस की प्रक्रिया को तेज कर देता है, जिससे अचानक हार्ट अटैक और ब्रेन स्ट्रोक का जोखिम काफी हद तक बढ़ जाता है।
☕ सिर्फ चाय-बिस्कुट पर निर्भर रहना भी है नुकसानदेह, बिगड़ सकता है लिपिड प्रोफाइल
डॉक्टर्स का कहना है कि सुबह का नाश्ता पूरी तरह से स्किप कर देना (छोड़ देना) या सिर्फ चाय-बिस्कुट पर निर्भर रहना भी सेहत के लिहाज से बिल्कुल सही आदत नहीं है। ऐसा करने से शरीर में ब्लड शुगर के स्तर में तेजी से उतार-चढ़ाव होता है, जिससे दिन में बाद में अधिक खाने (Overeating) की प्रवृत्ति बढ़ती है।
परिणामस्वरूप, वजन बढ़ने के साथ-साथ आपके ब्लड लिपिड प्रोफाइल पर भी इसका सीधा नकारात्मक असर पड़ता है। अपने दिल को लंबे समय तक सुरक्षित और सेहतमंद बनाए रखने के लिए सुबह के नाश्ते में घुलनशील फाइबर (Soluble Fiber), अच्छी गुणवत्ता वाला प्रोटीन और अनसैचुरेटेड फैट अनिवार्य रूप से शामिल होना चाहिए।
🥗 दिल की सेहत के लिए नाश्ते में शामिल करें ये सुपरफूड्स, नियमित कराएं जांच
हृदय को स्वस्थ रखने के लिए सुबह के नाश्ते में ओट्स, दलिया, अंकुरित अनाज (स्प्राउट्स), उबला हुआ अंडा, ताजा दही, मौसमी फल, फ्लैक्स/चिया सीड्स और सीमित मात्रा में सूखे मेवे (बादाम व अखरोट) सबसे बेहतरीन और सुरक्षित विकल्प माने जाते हैं।
यदि किसी व्यक्ति को पहले से हाई कोलेस्ट्रॉल, मधुमेह (Sugar), उच्च रक्तचाप (High BP) की समस्या है या परिवार में हृदय रोग का मेडिकल इतिहास (Family History) रहा है, तो उन्हें नियमित अंतराल पर लिपिड प्रोफाइल टेस्ट कराना चाहिए। इसके साथ ही संतुलित आहार और रोजाना 30 मिनट की शारीरिक गतिविधि या वॉक को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाना चाहिए। सही और पौष्टिक नाश्ता आपको दिल की गंभीर बीमारियों से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।