Mumbai Muharram Case: मुंबई में मोहर्रम जुलूस के दौरान बड़ा खुलासा; जहरीले कैप्सूल बांटने वाला गिरफ्तार, 14,900 कैप्सूल बरामद
मुंबई: मुंबई के रे रोड स्थित रेहमताबाद कब्रिस्तान के पास मोहर्रम के आशूरा जुलूस के दौरान एक ऐसी साजिश का खुलासा हुआ है जिसने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है। एक व्यक्ति ‘इम्युनिटी बूस्टर’ के नाम पर जुलूस में शामिल लोगों को जहरीले कैप्सूल बांट रहा था। सतर्क नागरिकों की जागरूकता के कारण एक बड़ा हादसा टल गया और पुलिस ने साजिशकर्ता को गिरफ्तार कर लिया।
🕵️ एक महिला के संदेह ने खोला राज
जुलूस के दौरान चार लोग नागरिकों को ये कैप्सूल बांट रहे थे। एक महिला को जब उन पर शक हुआ, तो उसने पूछताछ की। जवाब में उन्हें ‘इम्युनिटी बूस्टर’ बताया गया, लेकिन कैप्सूल खोलकर देखने पर उसमें संदिग्ध काले रंग का पाउडर मिला। महिला ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद मौके पर ही फय्याज निसार प्रेमजी (39) को हिरासत में ले लिया गया, जबकि तीन अन्य आरोपी भागने में सफल रहे।
🧪 हजारों लोगों को मारने की खौफनाक साजिश
भायखला पुलिस की शुरुआती जांच में जो खुलासा हुआ है, वह बेहद डरावना है। आरोपी फय्याज, जो बीबीए (BBA) पास है और हाल ही में ईरान-इराक से लौटा था, ने सुनियोजित तरीके से ‘जिंक फॉस्फाइड’ (Zinc Phosphide) से ये जहरीले कैप्सूल तैयार किए थे। जांच में सामने आया है कि आरोपी का इरादा मुंबई में मोहर्रम के जुलूस में शामिल हजारों लोगों को एक साथ मारने का था। पुलिस ने उसके पास से 14,900 कैप्सूल बरामद किए हैं और यह भी पता चला है कि 50 किलो जिंक फॉस्फाइड से कुल 30 हजार कैप्सूल का ऑर्डर दिया गया था।
🚓 पुलिस की सक्रियता और जांच जारी
भायखला पुलिस इस पूरे मामले को एक बड़ी आतंकी साजिश के रूप में देख रही है। हिरासत में लिए गए आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है और उसके अन्य साथियों की तलाश जारी है। फॉरेंसिक लैब में इन कैप्सूलों की जांच की जा रही है ताकि जहर की तीव्रता और प्रभाव का सटीक पता लगाया जा सके। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि उसके पीछे कौन से अन्य अंतरराष्ट्रीय या स्थानीय गुट काम कर रहे हैं।