सूरजपुर: जिले के करंजी चौकी अंतर्गत बतरा डेम में एक दर्दनाक नाव हादसे की खबर सामने आई है। देर रात करीब 9 से 10 लोग नाव पर सवार होकर मछली पकड़ने निकले थे, तभी अचानक एक नाव असंतुलित होकर पलट गई। इस हादसे में कुछ लोगों को तो बचा लिया गया, लेकिन 3 लोगों के गहरे पानी में डूबने की आशंका है। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया गया।
🌊 हादसे की भयावह स्थिति
हादसा उस समय हुआ जब लोग अवैध रूप से मछली पकड़ने के लिए जलाशय के बीचों-बीच गए थे। नाव पलटने के बाद वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय गोताखोरों और रेस्क्यू टीम की मदद से डूबे हुए लोगों को ढूंढने का प्रयास किया जा रहा है। डेम का पानी गहरा होने के कारण तलाश में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
🚫 प्रतिबंध के बावजूद जोखिम भरा कदम
गौरतलब है कि प्रशासन ने 15 जून से ही डेम और जलाशयों में मछली पकड़ने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा रखा है। बावजूद इसके, सुरक्षा नियमों को ताक पर रखकर ग्रामीण रात के अंधेरे में नाव लेकर वहां पहुंच गए थे। अब यह सवाल उठ रहा है कि कड़े प्रतिबंधों के बाद भी निगरानी में चूक कैसे हुई?
⚠️ प्रशासन की चुनौती और सतर्कता
फिलहाल प्रशासन की पहली प्राथमिकता लापता लोगों की तलाश करना है। इस हादसे ने सुरक्षा प्रोटोकॉल और नियमों के पालन को लेकर एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे जलाशय के पास न जाएं और सरकारी आदेशों का सख्ती से पालन करें। भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए निगरानी तंत्र को और अधिक मजबूत करने की आवश्यकता है।