Delhi Crime: निर्भया कांड जैसी खौफनाक वारदात, दिल्ली पुलिस ने दबोचे यूपी के आरोपी, बिहार की बस में हुआ रेप
दिल्ली के रानी बाग इलाके में एक महिला के साथ चलती बस में गैंगरेप का मामला सामने आया है। पुलिस ने महिला की शिकायत पर बस के ड्राइवर और कंडक्टर को गिरफ्तार कर लिया है। अब इस मामले में नया अपडेट सामने आया है कि जिस बस में इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया गया, वह बिहार में रजिस्टर्ड है। दिल्ली पुलिस की जांच अब बिहार तक पहुंच सकती है। इस मामले ने एक बार फिर राजधानी को दहला देने वाले निर्भया कांड की याद दिला दी है।
🌑 ‘भैया टाइम क्या हुआ?’ पूछते ही खींचा अंदर: रात के सन्नाटे में हुई हैवानियत
जानकारी के अनुसार, यह घटना सोमवार देर रात करीब साढ़े 12 बजे की है। पीड़ित महिला ड्यूटी खत्म कर घर लौट रही थी, तभी सरस्वती विहार इलाके में बस स्टॉप के पास एक स्लीपर बस आकर रुकी। महिला ने गेट पर खड़े युवक से जैसे ही पूछा कि ‘भैया टाइम क्या हो रहा है?’, उसने महिला को बस के अंदर खींचकर गेट बंद कर लिया। इसके बाद एक-एक कर ड्राइवर और कंडक्टर ने महिला के साथ रेप की वारदात को अंजाम दिया और फिर नांगलोई मेट्रो स्टेशन के पास उसे उतारकर फरार हो गए।
⚖️ आरोपियों की गिरफ्तारी: यूपी के रहने वाले हैं पकड़े गए दोनों दरिंदे
वारदात के दौरान महिला चीखती-चिल्लाती रही, लेकिन आरोपियों को उस पर जरा भी तरस नहीं आया। घटना के बाद पीड़िता ने हिम्मत दिखाते हुए पुलिस को जानकारी दी, जिसके बाद कई टीमों का गठन कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पकड़े गए आरोपी उत्तर प्रदेश के निवासी बताए जा रहे हैं। पुलिस अब उनसे गहन पूछताछ कर रही है ताकि घटना की हर कड़ी को जोड़ा जा सके।
🔍 बिहार नंबर की बस और फोरेंसिक जांच: गोपालगंज आरटीओ में है रजिस्ट्रेशन
जांच में सामने आया है कि वारदात में इस्तेमाल बस का नंबर BR-28P 3949 है, जो बिहार के गोपालगंज जिले के आरटीओ (RTO) में रजिस्टर्ड है। बस का संचालन ‘रॉयल ट्रेवल्स एंड कार्गो’ कंपनी की ओर से किया जा रहा था। पुलिस ने बस को जब्त कर फोरेंसिक जांच शुरू कर दी है। मामले में यह भी जांच की जा रही है कि घटना के समय बस में और कौन-कौन मौजूद था और क्या इसमें किसी और की मिलीभगत है?
📄 कानूनी कार्रवाई: भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मामला दर्ज
दिल्ली पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(1), 70(1) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है। मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता पीतमपुरा की रहने वाली है और मंगोलपुरी की एक फैक्ट्री में काम करती है। दिल्ली पुलिस ने पीड़िता को हर संभव सुरक्षा और कानूनी सहायता का भरोसा दिया है। पुलिस अब इस मामले में ‘स्पीडी ट्रायल’ की तैयारी कर रही है ताकि दोषियों को जल्द से जल्द कड़ी सजा दिलाई जा सके।