ब्रेकिंग
IND vs AFG ODI Series: भारतीय पेसर्स का घातक हथियार 'शॉर्ट बॉल'; अफगानिस्तान की हार का सबसे बड़ा कारण Sanchita Ugale Death: 22 साल की एक्ट्रेस के निधन पर करणवीर बोहरा का बड़ा बयान; टीवी इंडस्ट्री के 'कड़व... G-7 Summit Viral Video: इटली की पीएम जियोर्जिया मेलोनी की बेटी का वीडियो वायरल; कैमरे के सामने शर्मा... LPG Price Update: रसोई गैस की कीमतों में बड़ा अंतर; जानें मुंबई से लेह तक क्या है आपके सिलेंडर का रे... Petrol Diesel Price Today: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के बाद क्या सस्ते हुए पेट्रोल-डीजल? जानें ... Nirjala Ekadashi 2026: इस बार निर्जला एकादशी पर बन रहे 4 दुर्लभ महासंयोग; जानें शुभ मुहूर्त और पूजा ... Monsoon Skin Care: ऑयली स्किन से हैं परेशान? मानसून में चिपचिपाहट दूर करने के असरदार घरेलू उपाय Telegram Ban & VPN: NEET परीक्षा से पहले टेलीग्राम पर पाबंदी, यूजर्स VPN के जरिए लगा रहे जुगाड़ Tonk Murder Case: चांदी के गहनों के लालच में पड़ोसन की बेरहमी से हत्या; 10 थानों की पुलिस ने ऐसे पकड़ा... Sitapur Crime News: वैवाहिक विज्ञापनों के जरिए 25 महिलाओं को बनाया शिकार; करोड़ों की ठगी करने वाला अन...

Mahashivratri 2026 Date: साल 2026 में कब है महाशिवरात्रि? जानें जलाभिषेक का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि

हर साल फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि के दिन महाशिवरात्रि का पावन पर्व मनाया जाता है. ये व्रत देवों के देव महादेव और माता पार्वती को समर्पित है. इस दिन घरों और देश भर के शिव मंदिरों में भोलेनाथ और माता पार्वती की विशेष पूजा-अर्चना की जाती है. इस दिन व्रत का भी विशेष महत्व है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, महाशिवरात्रि के दिन ही पहली बार भगवान शिव निराकार से साकार रूप में प्रकट हुए थे.

इसी शुभ दिन पर भगवान शिव और माता पार्वती विवाह के बंधन में बंधे थे. इस शुभ दिन पर सुबह से ही शिवालयों में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिलती है. भक्त अपने आराध्य की कृपा पाने के लिए पूजा और जलाभिषेक करते हैं. इस दिन रात के चार पहरों में पूजा की जाती है. आइए जानते हैं महाशिवरात्रि पर जलाभिषेक के लिए इस साल सबसे उत्तम महूर्त क्या है?

कब है महाशिवरात्रि (Kab Hai Mahashivratri 2026)

इस साल फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि की शुरुआत 15 फरवरी के दिन शाम 05 बजकर 04 मिनट पर हो रही है. वहीं इस तिथि का समापन 16 फरवरी को शाम शाम 05 बजकर 34 मिनट पर हो जाएगा. सनातन धर्म में हर व्रत और त्योहार उदयातिथि को देखते हुए मनाया जाता है. ऐसे में इस साल महाशिवरात्रि का पर्व 15 फरवरी को मनाया जाएगा.

महाशिवरात्रि 2026 जलाभिषेक का शुभ समय (Mahashivratri 2026 Jal Abhishek Subh Muhurat)

इस साल महाशिवरात्रि के दिन महादेव के जलाभिषेक के लिए कई मुहूर्त हैं. इस दिन सामान्य मुहूर्त सुबह 08 बजकर 24 मिनट से 09 बजकर 48 मिनट मिनट तक रहेगा. लाभ-उन्नति मुहूर्त सुबह 09 बजकर 48 मिनट से 11 बजकर 11 मिनट तक रहेगा. अमृत-सर्वोत्तम मुहूर्त सुबह 11 बजकर 11 मिनट से दोपहर 12 बजकर 35 मिनट तक रहेगा. शाम को शुभ-उत्तम मुहूर्त 06 बजकर 11 मिनट से 07 बजकर 47 मिनट तक रहेगा. इन सभी मुहूर्तों में शिव जी का जलाभिषेक किया जा सकता है.

महाशिवरात्रि का महत्व (Mahashivratri Vrat Significance)

महाशिवरात्रि का दिन भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने के लिए सबसे शुभ अवसर माना जाता है. ये शिव और पार्वती के मिलन का पर्व है. इस दिन शिवलिंग पर जल, दूध, बेलपत्र आदि अर्पित कर भगवान शिव की पूजा की जाती है. इस दिन व्रत और रात्रि जागरण किया जाता है. इस दिन उपवास और पूजा करने से व्यक्ति के पापों का नाश होता है और उसे मोक्ष की प्राप्ति होती है.