ब्रेकिंग
Ram Mandir Trust Investigation: जमीन खरीद और दान में हेराफेरी पर SIT का बड़ा खुलासा; मंदिर प्रबंधन के... Pankaj Tripathi Brother Attacked: गोपालगंज में अभिनेता पंकज त्रिपाठी के बड़े भाई पर जानलेवा हमला; गं... Jalore Railway Station: बीकानेर-साबरमती एक्सप्रेस के पहले सफर पर छाए जालोर के बेटे तेज कुमार; परिजनो... Nagarasu Gurudwara Dispute: रुद्रप्रयाग में गुरुद्वारे पर कब्जे को लेकर तनाव; निहंगों का डेरा, 36 घं... Weather Forecast Today: मानसून की सक्रियता और लू का डबल अटैक; दिल्ली, यूपी और बिहार के लिए मौसम विभा... Indian Navy Power: भारतीय नौसेना में एक साथ शामिल हुए INS दूनागिरी, INS अग्रे और INS संशोधक; पीएम मो... TMC and Shiv Sena Crisis: टीएमसी और शिवसेना (यूबीटी) में बगावत; बीजेपी पर लगे आरोप, नेतृत्व संकट पर ... Maharashtra Politics: संजय देशमुख के पाला बदलने की चर्चाओं के बीच उद्धव ठाकरे का वाशिम दौरा; पार्टी ... Veena T ED Summons: केरल के पूर्व सीएम की बेटी वीना टी की बढ़ी मुश्किलें; मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ED... Ayodhya Ram Mandir Controversy: दान गबन मामले पर अरविंद केजरीवाल का बड़ा बयान; पूछा- अब तक FIR क्यों ...

‘जैसे चीन हमारे देश में घुसा है, वैसे ही हम कर्नाटक में घुसेगें’, सीमा विवाद पर संजय राउत की चेतावनी

कर्नाटक और महाराष्ट्र के बीच सीमा मुद्दे पर बढ़ते तनाव के बीच शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के नेता संजय राउत ने बुधवार को यह कहकर एक नया विवाद खड़ा कर दिया कि, ‘जैसे चीन हमारे देश में घुसा है, वैसे ही हम कर्नाटक में घुसेगें।’ राउत ने कहा उन्हें इस मुद्दे पर किसी की ‘अनुमति’ की जरूरत नहीं है।

महाराष्ट्र में कमजोर सरकार
उन्होंने कहा, “जैसे चीन घुसा है, हम (कर्नाटक) में घुसेंगे। हमें किसी की अनुमति की जरूरत नहीं है। हम इसे चर्चा के जरिए सुलझाना चाहते हैं, लेकिन कर्नाटक के मुख्यमंत्री आग लगा रहे हैं। महाराष्ट्र में कमजोर सरकार है और कोई स्टैंड नहीं ले रही है।” दशकों पुराने सीमा विवाद को लेकर  महाराष्ट्र और कर्नाटक के बीच बढ़े तनाव के समय संजय राउत का बयान सामने आया है। यह मामला फिलहाल उच्चतम न्यायालय में है।

विधानसभा में उठा सीमा विवाद का मुद्दा
एकनाथ शिंदे की सरकार को इस मुद्दे पर आलोचना और महाराष्ट्र विधानसभा के चल रहे शीतकालीन सत्र में विपक्ष के हंगामे का सामना करना पड़ रहा है। विपक्ष के नेता अजीत पवार ने पहले विधानसभा में सीमा विवाद का मुद्दा उठाया और कहा, “महाराष्ट्र के एक लोकसभा सदस्य को बेलगाम में प्रवेश करने से रोक दिया गया है। गृह मंत्री अमित शाह के साथ बैठक में यह निर्णय लिया गया कि किसी को भी आने से नहीं रोका जाएगा।”  तो वहां के कलेक्टर ऐसा फैसला कैसे ले सकते हैं।”

सीमा विवाद पर राजनीति नहीं करें- शिंदे
पवार द्वारा उठाए गए मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा, “देश के गृह मंत्री ने पहली बार सीमा विवाद की मध्यस्थता की और उन्होंने इस मुद्दे को गंभीरता से लिया है, हमने सीमा निवासियों का पक्ष उनके सामने रखा है। अमित शाह ने सीमा विवाद के सामने अपनी बात रखी है, अब सीमा विवाद पर राजनीति नहीं होनी चाहिए, हमें सीमावासियों के साथ खड़ा होना चाहिए। महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सीएम शिंदे की टिप्पणी के साथ सहमति जताई और कहा कि सरकार जल्द ही इस मसले का सुलझा लेगी।