Ludhiana Police CASO Operation: लुधियाना में नशे के खिलाफ सबसे बड़ा एक्शन, पुलिस कमिश्नर की अगुवाई में पीरूबंदा में ताबड़तोड़ सर्च
लुधियाना: पंजाब सरकार के ‘युद्ध नशियां विरुद्ध’ अभियान को धरातल पर मजबूत करने के लिए लुधियाना कमिश्नरेट पुलिस ने नशा तस्करों के अवैध नेटवर्क के विरुद्ध अब तक का सबसे विशाल संयुक्त अभियान छेड़ दिया है। पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा खुद वरिष्ठ अधिकारियों और भारी पुलिस बल के साथ सड़कों पर उतरे और महानगर के प्रमुख ड्रग हॉटस्पॉट्स पर बड़े पैमाने पर ‘कासो’ (CASO – Cord And Search Operation) सर्च अभियान चलाया। थाना सलेम टाबरी के अंतर्गत आने वाली पीरूबंदा कॉलोनी से शुरू हुआ यह महाअभियान देखते ही देखते शहर के अन्य कई संवेदनशील इलाकों में भी फैल गया, जिससे तस्करों में खलबली मच गई।
पीरूबंदा कॉलोनी से की गई अभियान की शुरुआत
नशे की खरीद-फरोख्त और अवैध तस्करी से जुड़ी लगातार मिल रही गोपनीय शिकायतों को ध्यान में रखते हुए पुलिस कमिश्नरेट ने यह पुख्ता रणनीति बनाई थी। शनिवार सुबह तड़के पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा खुद मोर्चा संभालने पहुंचे। उनके साथ डीसीपी, एडीसीपी, एसीपी रैंक के अधिकारी, विभिन्न थानों के एसएचओ और सैकड़ों की संख्या में पुलिसकर्मी, महिला बटालियन तथा कमांडो दस्ते शामिल थे। पूरे पीरूबंदा क्षेत्र के सभी एंट्री और एग्जिट प्वाइंट्स को पूरी तरह सील कर दिया गया ताकि कोई भी संदिग्ध फरार न हो सके। इसके बाद पुलिस टीमों ने अलग-अलग ग्रुप्स में बंटकर घरों की तलाशी शुरू की।
डॉग स्क्वायड की मदद से की गई घर-घर और वाहनों की जांच
इस सघन तलाशी अभियान के दौरान पुलिस ने संदिग्ध मकानों, पुराने अपराधियों के ठिकानों और किराएदारों के रिकॉर्ड की बारीकी से जांच की। इस दौरान नशीले पदार्थों का सुराग लगाने के लिए विशेष स्निफर डॉग्स (डॉग स्क्वायड) की सहायता भी ली गई। गलियों, तंग रास्तों और खाली प्लॉटों को खंगाला गया। इसके अलावा इलाके में खड़े दोपहिया और चार पहिया वाहनों के नंबरों तथा वहां मौजूद संदिग्ध व्यक्तियों के पहचान पत्रों की भी गहनता से पड़ताल की गई। गैरकानूनी गतिविधियों में संलिप्त पाए गए कई लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में भी लिया गया।
संवेदनशील इलाकों में लगातार जारी रहेगा सर्च अभियान
पीरूबंदा में सफलतापूर्वक सर्च पूरा करने के बाद पुलिस का यह बड़ा काफिला अन्य संवेदनशील थाना क्षेत्रों की ओर रवाना हुआ। कमिश्नरेट के अंतर्गत आने वाली अन्य नशा प्रभावित बस्तियों में भी इसी तर्ज पर कॉर्डन एंड सर्च ऑपरेशन चलाया गया। पुलिस की इस अचानक और आक्रामक कार्रवाई से स्थानीय नागरिकों ने राहत की सांस ली है, वहीं भूमिगत होकर नशे का काला कारोबार चलाने वाले माफियाओं के हौसले पस्त हो गए हैं।