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Uttar Pradesh Crime & Accident News: सरकारी नौकरी के सपने ने ली इंजीनियर की जान, पिता बोले- बेटे ने छोड़ दी थी प्राइवेट नौकरी

उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में होमगार्ड भर्ती की दौड़ के दौरान बरेली के रहने वाले शिवम यादव की अचानक हुई मौत से पूरे परिवार में मातम छा गया है. शिवम काफी होनहार था और उसने मैकेनिकल इंजीनियरिंग से बीटेक करने के बाद एक निजी कंपनी में नौकरी भी हासिल कर ली थी, लेकिन घर के करीब रहकर सरकारी नौकरी करने का उसका सपना उसे इस भर्ती मैदान में ले आया, जहां वह दौड़ के दौरान गश खाकर गिर पड़ा और उसकी जान चली गई.

📚 2. रेलवे लोको पायलट की परीक्षा भी कर चुका था पास, मां ने बच्चों की पढ़ाई के लिए छोड़ दी थी शिक्षामित्र की नौकरी

मृतक के पिता एडवोकेट विनोद यादव ने बताया कि शिवम पढ़ाई में हमेशा से अव्वल रहा था. उसने 2014 में हाईस्कूल और उसके बाद इंटर में शानदार अंक हासिल किए थे. पढ़ाई पूरी करने के बाद उसने सितारगंज की एक निजी कंपनी में 20 हजार रुपये महीने की नौकरी की थी, लेकिन सरकारी नौकरी की चाहत में उसने एक महीने बाद ही वह नौकरी छोड़ दी. उसने रेलवे में लोको पायलट की परीक्षा भी पास कर ली थी और अंतिम परिणाम का इंतजार कर रहा था. उसके परिवार में पत्नी, एक छोटी बेटी और माता-पिता हैं.

⚠️ 3. परिवार का पुराना इतिहास भी जुड़ा है त्रासदी से, एथलेटिक्स कोच अनीता नागर ने युवाओं को दी जरूरी सावधानी बरतने की सलाह

इस परिवार की त्रासदी का यह भी एक दुखद पहलू है कि शिवम के दादा राजेंद्र सिंह की भी रेलवे में नौकरी के दौरान टूंडला में प्रशिक्षण के वक्त पुल से गिरकर मौत हो गई थी. वहीं, इस घटना के बाद एथलेटिक्स कोच और डीएसओ अनीता नागर ने युवाओं को सलाह दी है कि भर्ती की दौड़ के लिए अचानक अभ्यास शुरू न करें, बल्कि लंबे समय से तैयारी करें और बिना डॉक्टर की सलाह के किसी दवा का सेवन न करें.