कैथल: साइबर क्राइम थाना पुलिस ने एक बड़े अंतर्राज्यीय साइबर ठग गिरोह का भंडाफोड़ किया है। यह गिरोह फेसबुक पर विदेशी महिला बनकर वरिष्ठ नागरिकों को निशाना बनाता था। पुलिस ने इस मामले में 2 नाइजीरियन नागरिकों सहित कुल 5 आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।
📱 दोस्ती से लेकर ठगी तक का जाल
गिरोह ने फरवरी 2025 में कैथल की जनकपुरी कॉलोनी के एक वरिष्ठ नागरिक को फेसबुक पर ‘जॉनसन डेनियल’ नाम की फर्जी आईडी से संदेश भेजे। महिला ने खुद को यूके के मैनचेस्टर शहर का निवासी बताया और भारत आने का झांसा दिया। 5 मार्च को एक अन्य सदस्य ने मुंबई एयरपोर्ट कर्मचारी बनकर फोन किया और कहा कि विदेशी महिला को भारी मात्रा में विदेशी मुद्रा (पाऊंड) के साथ पकड़ा गया है।
💰 भावनात्मक दबाव और धोखाधड़ी
आरोपियों ने कस्टम ड्यूटी, क्लीयरेंस चार्ज और बैंक शुल्क के नाम पर पीड़ित को अलग-अलग खातों में पैसे जमा करने को कहा। उन्होंने रोते हुए वीडियो भेजकर पीड़ित पर भावनात्मक दबाव बनाया और मार्च से मई 2025 के बीच कुल 8.75 लाख रुपये की ठगी कर ली। जब पीड़ित को धोखाधड़ी का अहसास हुआ, तो उन्होंने साइबर क्राइम थाना कैथल में शिकायत दर्ज कराई।
👮 पुलिस की तकनीकी कार्रवाई
थाना साइबर क्राइम के एस.आई. रविंद्र कुमार की टीम ने गहन तकनीकी जांच की और साक्ष्यों के आधार पर इस गिरोह का पता लगाया। गिरफ्तार आरोपियों में बीर बहादुर गुरूंग, दीपा बिश्वाकर्मा, रेखा सुहाग और नाइजीरियाई नागरिक नजूबे चूकवुड़ी व इटोहन मर्सी शामिल हैं। पुलिस अब इनके अन्य नेटवर्क के बारे में भी पूछताछ कर रही है।