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UP Police Constable Exam: कांस्टेबल भर्ती परीक्षा में ‘ओवर-क्वालिफाइड’ अभ्यर्थियों की भीड़; MSc और MBA पास छात्र भी कर रहे आवेदन

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा इस समय चर्चा का विषय बनी हुई है। 32,679 पदों के लिए आयोजित इस परीक्षा में लगभग 29 लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है। हैरान करने वाली बात यह है कि इस कांस्टेबल पद के लिए MSc, MBA और LLB जैसी उच्च डिग्री प्राप्त युवा भी कतार में हैं।

📊 ‘सरकारी नौकरी’ ही एकमात्र लक्ष्य

लखनऊ के परीक्षा केंद्रों पर ऐसे सैकड़ों युवा मिले, जो या तो मास्टर्स कर चुके हैं या उनकी पढ़ाई जारी है। अभ्यर्थियों का कहना है कि वर्तमान बाजार में ऊंची डिग्री के अनुरूप नौकरी मिलना चुनौतीपूर्ण है, ऐसे में ‘सरकारी नौकरी जो मिल जाए, वही सही’ का भाव युवाओं में घर कर गया है। एक अभ्यर्थी कुणाल शर्मा के अनुसार, यह उनके लिए सुरक्षा और करियर की पहली सीढ़ी है, जिसके बाद वे आगे की तैयारी जारी रखेंगे।

📋 परीक्षा के आंकड़े और अभ्यर्थियों का संघर्ष

  • कुल पद: 32,679

  • कुल आवेदक: लगभग 29 लाख

  • लखनऊ परीक्षा केंद्र: 55 केंद्रों पर 1.36 लाख अभ्यर्थी शामिल। उच्च शिक्षित युवाओं का कांस्टेबल पद की ओर झुकाव यह दर्शाता है कि सरकारी नौकरी को लेकर युवाओं में किस हद तक असुरक्षा और ललक है। कई अभ्यर्थी ऐसे हैं जिन्होंने पहले सब-इंस्पेक्टर (SI) पदों के लिए भी प्रयास किया था, लेकिन सफलता न मिलने पर अब वे कांस्टेबल पद को ही अपनी प्राथमिकता मान रहे हैं।

💡 भविष्य की राह या मजबूरी?

विशेषज्ञों का मानना है कि युवाओं का यह निर्णय उनकी मजबूरी और बेहतर भविष्य की चाह का मिश्रण है। जब एक एमबीए या एमएससी पास छात्र सिपाही बनने के लिए तैयार होता है, तो यह शिक्षा व्यवस्था और रोजगार के अवसरों के बीच के अंतर को स्पष्ट रूप से उजागर करता है। अभ्यर्थी मानते हैं कि एक बार सरकारी पद हासिल करने के बाद, वे अधिक शांति से अपने बड़े लक्ष्यों की ओर बढ़ सकेंगे।