ब्रेकिंग
Ludhiana Food Safety Raid: सब्जी मंडी में पनीर और फलों की सघन जांच; 18 किलो संदिग्ध पनीर नष्ट, मिलाव... Ludhiana School News: सरकारी आदेशों की उड़ी धज्जियां; चुनाव की छुट्टी के बावजूद खुले रहे कई निजी स्कू... Supreme Court Decision on SIR: मतदाता सूची की शुद्धता पर सुप्रीम कोर्ट की मुहर; तरुण चुघ बोले- अब के... Punjab Municipal Elections: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का बड़ा फैसला; गुरदासपुर, कादियां और दीनानगर चुनाव... Punjab Sewa Kendra Strike: मोहाली में ठप हुआ कामकाज; कर्मचारियों की चेतावनी- मांगें न मानी तो पूरे र... Ludhiana Theft News: सूने मकान का फायदा उठाकर चोरों ने किया हाथ साफ; नकदी और कीमती सामान लेकर हुए फर... Gurdaspur Fire News: हार्डवेयर दुकान में लगी भीषण आग; 30 लाख का सामान जलकर राख, बिजली विभाग पर लापरव... SGPC vs Punjab Govt: 328 पवित्र स्वरूप मामले में घमासान; धामी ने SIT पर लगाए गंभीर आरोप, दखलंदाजी पर... Ludhiana Crime News: नशा मुक्ति केंद्र के नाम पर चल रहा था बड़ा फर्जीवाड़ा; पुलिस ने अवैध सेंटर का किय... Panjab University Holiday: बकरीद के कारण पंजाब यूनिवर्सिटी में 28 मई को अवकाश; परीक्षाएं स्थगित

Pune Porsche Case: जमानत के बाद आरोपी के परिवार का डांस और जश्न, पीड़िता अश्विनी कोष्टा के पिता ने कहा- ‘मर चुकी है मानवता’

पुणे: पुणे पोर्श कांड एक बार फिर सुर्खियों में है, लेकिन इस बार वजह कोई कानूनी प्रक्रिया नहीं, बल्कि आरोपी के परिवार का एक वायरल वीडियो है। वीडियो में आरोपी के परिवार को जश्न मनाते, डांस करते और आरोपी को नोटों की माला पहनाते हुए देखा गया। बताया जा रहा है कि यह वीडियो आरोपी को जमानत मिलने के बाद का है। इस घटना ने एक बार फिर समाज में आक्रोश पैदा कर दिया है।

💔 पीड़िता के पिता की पीड़ा: ‘यह पीड़ित परिवार और कानून का मजाक है’

हादसे में जान गंवाने वाली जबलपुर की सॉफ्टवेयर इंजीनियर अश्विनी कोष्टा के पिता सुरेश कोष्टा ने इस जश्न को बेहद अमानवीय और दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया है। उन्होंने कहा, “जिस परिवार ने हमारी बेटी की जान ली, वे आज सार्वजनिक रूप से जश्न मनाकर कानून और पीड़ित परिवार का मजाक उड़ा रहे हैं। इनके भीतर न लाज है, न शर्म है और न ही इंसानियत बची है।” सुरेश कोष्टा ने आरोपी विशाल अग्रवाल की जमानत को तुरंत रद्द करने की मांग की है।

⚖️ जुवेनाइल कानून और उम्र निर्धारण पर सवाल

अश्विनी के पिता ने सोशल मीडिया और आधुनिक परिवेश का हवाला देते हुए कहा कि आज के 16 से 18 साल के किशोर सही और गलत का अंतर बखूबी समझते हैं। उन्होंने मांग की है कि जघन्य अपराधों में केवल उम्र के आधार पर आरोपी को राहत नहीं मिलनी चाहिए। उन्होंने जुवेनाइल कानून (Juvenile Law) के प्रावधानों पर नए सिरे से विचार करने की बात कही है।

📢 सोशल मीडिया पर आक्रोश

यह वायरल वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है। यूजर्स आरोपी परिवार को जमकर ट्रोल कर रहे हैं और इसे पीड़ित परिवार की भावनाओं के साथ खिलवाड़ बता रहे हैं। लोग आरोपी पक्ष पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं ताकि अपराधियों और उनके समर्थकों में कानून का डर बना रहे। फिलहाल, यह मामला फिर से चर्चा का विषय बन गया है।