उज्जैन। उन्हेल रोड पर सारीबारी टेकरी पर खेत में जल रही नरवाई की चपेट में आने से एक किसान की मौत हो गई। किसान बुरी तरह झुलस गया था। काफी देर तक किसान घर नहीं पहुंचा तो भतीजा उसे तलाशने के लिए पहुंचा। बताया जा रहा है कि किसान अपने खेत में नरवाई जलाने पहुंचा था, मगर उसका शव उसके खेत से दूर पड़ोसी के खेत में मिला है। भैरवगढ़ पुलिस जांच में जुटी है।
भैरवगढ़ पुलिस ने बताया कि रविवार को सूचना मिली थी कि उन्हेल रोड पर सारीबारी में टेकरी पर स्थित एक खेत में एक व्यक्ति का शव झुलसी अवस्था में पड़ा है। खेत में नरवाई जलाई गई थी, समीप ही पड़ा भूसे का ढेर भी जल गया था। मृतक की शिनाख्त उसके भतीजे ने रामेश्वर पुत्र लक्ष्मण आंजना उम्र 60 वर्ष निवासी सोडंग के रूप में की है।
मोबाइल भी बंद आ रहा था
स्वजन ने पुलिस को बताया कि रामेश्वर सुबह करीब दस बजे घर से सारीबारी टेकरी स्थित अपने खेत पर नरवाई जलाने जाने का कहकर निकला था। दोपहर करीब तीन बजे तक वह वापस नहीं लौटा था। उसका मोबाइल भी बंद आ रहा था। इस पर स्वजन चिंतित हो गए थे। भतीजा उसे तलाशने के लिए खेत पर पहुंचा था। मगर पड़ोस में स्थित हकीम भाई के खेत पर लोगों की भीड़ देखकर वहां पहंचा तो झुलसी अवस्था में मृत रामेश्वर पड़ा हुआ था। इसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की है।
पड़ोसी के खेत में कैसे पहुंचा
पुलिस ने बताया कि रामेश्वर का शव हकीम भाई के खेत में जिस स्थान पर मिला वहां समीप ही भूसे का ढेर भी जला हुआ मिला है। खेत में नरवाई भी जली हुई थी। आशंका है कि आग से बचने के प्रयास में वह चपेट में आ गया और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। स्वजन ने फिलहाल किसी पर शंका नहीं जताई है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।
प्रतिबंध के बाद भी नरवाई जला रहे किसान
सरकार ने खेतों में गेहूं की कटाई के बाद नरवाई जलाने पर प्रतिबंध लगा रखा है। बावजूद इसके किसान खेतों में नरवाई जला रहे है। कंसोर्टियम फार रिसर्च आन एग्रोइकोसिस्टम मानिटरिंग एंड माडलिंग फ्राम स्पेस (सीआरइएएमएस) द्वारा जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार इस साल अप्रैल में उज्जैन जिले में 2053 मामले नरवाई जलाने के सामने आए है। पुलिस ने कुछ मामलों में केस भी दर्ज किए हैं। जिसको लेकर भारतीय किसान संघ ने बीते दिनों कलेक्टर कार्यालय पर प्रदर्शन भी किया था।