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Faridabad Cyber Crime: फरीदाबाद में फर्जी पेमेंट स्क्रीनशॉट दिखाकर ठगी करने वाला कपल सक्रिय, 3 दुकानों को लगाया चूना

फरीदाबाद: औद्योगिक नगरी फरीदाबाद में डिजिटल भुगतान के नाम पर दुकानदारों को चूना लगाने का एक नया और शातिर तरीका सामने आया है।

शहर में एक युवक और युवती (कपल) सक्रिय हैं, जो खरीदारी करने के बाद दुकानदारों को मोबाइल पर फर्जी ऑनलाइन पेमेंट का स्क्रीनशॉट दिखाकर सामान लेकर रफूचक्कर हो जाते हैं।

मंगलवार को इस शातिर जोड़े ने अलग-अलग थाना क्षेत्रों में तीन दुकानों को अपना निशाना बनाया। आरोपियों ने तीनों स्थानों से कुल 25,400 रुपये का कीमती सामान खरीदा, लेकिन किसी भी व्यापारी के बैंक खाते में भुगतान की वास्तविक राशि क्रेडिट नहीं हुई।

🛍️ ओल्ड फरीदाबाद में 4,400 रुपये की पहली वारदात: स्कैनर लेकर सेल्समैन को दुकान के बाहर बुलाया

पहली ठगी की कार्यप्रणाली का विवरण:

  • कपड़ों की खरीदारी: यह जोड़ा सबसे पहले ओल्ड फरीदाबाद के ठाकुरवाड़ा स्थित ‘गर्ग बैग एंड गारमेंट्स’ पर सामान्य ग्राहक बनकर पहुंचा। यहां उन्होंने बच्चों के कपड़े पसंद किए और कुल 4,400 रुपये का बिल बना।

  • स्कैनर बाहर मंगाया: भुगतान करने के बहाने आरोपियों ने दुकान का क्यूआर कोड (QR Scanner) मांगा और नेटवर्क का बहाना बनाकर सेल्समैन को स्कैनर लेकर दुकान के बाहर आने को कहा।

  • दुकान का नाम लिखा स्क्रीनशॉट: बाहर आकर उन्होंने अपने मोबाइल स्क्रीन पर 4,400 रुपये के सफल भुगतान का स्क्रीनशॉट दिखाया, जिसमें बाकायदा दुकान का नाम और सही रकम प्रदर्शित हो रही थी।

  • खाता रहा खाली: कर्मचारी ने स्क्रीनशॉट पर भरोसा कर सामान सौंप दिया। कुछ देर बाद जब दुकान मालिक गोविंद गर्ग ने अपना बैंक खाता और मैसेज चेक किया, तो कोई रकम जमा नहीं हुई थी। बाहर आकर देखने पर आरोपी मौके से फरार हो चुके थे।

👗 सेक्टर-37 और सेक्टर-23 में भी दोहराया वही पैंतरा: कुल 25 हजार से अधिक का चूना लगाया

अन्य इलाकों में हुई ठगी की कड़ियां:

  • सेक्टर-37 में 15 हजार की ठगी: पीड़ित दुकानदार ने जब आसपास के व्यापारी समूहों में घटना साझा की, तो पता चला कि इसी हुलिए के जोड़े ने सेक्टर-37 स्थित कपड़ों के एक शोरूम से करीब 15,000 रुपये के कपड़े इसी तरीके से ठगे हैं।

  • सेक्टर-23 में 6 हजार की चपत: इसके तुरंत बाद दोनों ने सेक्टर-23 के एक अन्य शोरूम को निशाना बनाया, जहां से करीब 6,000 रुपये की खरीदारी कर मोबाइल पर फर्जी पेमेंट स्क्रीनशॉट दिखाकर सामान समेटा और चंपत हो गए।

  • एक ही मॉडस ऑपरेंडी: तीनों वारदातों में आरोपियों का तरीका बिल्कुल एक जैसा था—पहले महंगी खरीदारी करना, फिर स्कैनर बाहर मंगाना और पहले से एडिट किए हुए फेक पेमेंट स्क्रीनशॉट को दिखाकर मौके से निकल जाना।

📹 CCTV फुटेज खंगालने में जुटी पुलिस: ओल्ड फरीदाबाद थाने में दर्ज हुई शिकायत

पुलिस की कार्रवाई और जांच की दिशा:

  • थाने में दी गई तहरीर: पीड़ित व्यापारी गोविंद गर्ग ने ओल्ड फरीदाबाद थाना पुलिस को लिखित शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

  • सीसीटीवी कैमरों की पड़ताल: थाना प्रभारी विष्णु मित्र के अनुसार पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

  • संदिग्धों की पहचान के प्रयास: बाजारों और दुकानों के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि आरोपियों के चेहरे और उनके वाहन के नंबर का सुराग लगाकर उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जा सके।

⚠️ व्यापारियों और दुकानदारों के लिए अलर्ट: बैंक खाते में रकम क्रेडिट होने पर ही सौंपें सामान

ऑनलाइन ठगी से बचाव के लिए जरूरी सावधानियां:

  • स्क्रीनशॉट पर कभी न करें भरोसा: पुलिस और व्यापार मंडलों ने सभी खुदरा व्यापारियों से अपील की है कि ग्राहक के मोबाइल पर दिख रहे पेमेंट स्क्रीनशॉट या एसएमएस को भुगतान का आधार न मानें।

  • साउंड बॉक्स और बैंक मैसेज की पुष्टि: हमेशा अपनी दुकान पर लगे साउंड बॉक्स (Soundbox) की आवाज या अपने स्वयं के बैंक खाते/बिजनेस ऐप में राशि जमा होने का वास्तविक नोटिफिकेशन मिलने के बाद ही ग्राहक को सामान सुपुर्द करें।

  • काउंटर से बाहर स्कैनर न ले जाएं: भुगतान हमेशा दुकान के मुख्य काउंटर पर लगे स्कैनर से ही करवाएं और किसी भी ग्राहक के कहने पर स्कैनर को बाहर ले जाने से बचें।