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Bank Strike Called Off: 5 दिवसीय बैंकिंग मांग पर बनी सहमति, UFBU और IBA की बैठक के बाद हड़ताल स्थगित

रविवार देर रात हुए महत्वपूर्ण समझौतों के बाद बैंक कर्मचारियों की 28 से 30 सितंबर तक प्रस्तावित तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। हड़ताल टलने के साथ ही आज सोमवार से देश भर के साथ-साथ राजधानी रांची और झारखंड के सभी बैंकों में कामकाज पूरी तरह से सामान्य रूप से शुरू हो गया है। पिछले कुछ दिनों से इस हड़ताल के कारण बैंकिंग सेवाएं बाधित होने की आशंका जताई जा रही थी, जिससे बैंक ग्राहकों में असमंजस की स्थिति थी, लेकिन अब हड़ताल स्थगित होने से आम जनता को बड़ी राहत मिली है।

🤝 यूएफबीयू (UFBU) और आईबीए (IBA) के बीच रविवार देर रात बनी सहमति, टली चेक क्लीयरेंस की परेशानी

बैंक यूनियनों के सर्वोच्च संगठन ‘यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस’ (UFBU) और ‘इंडियन बैंक्स एसोसिएशन’ (IBA) के बीच रविवार देर रात एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इस मैराथन वार्ता के दौरान विभिन्न लंबित मुद्दों के समाधान और आगे की प्रक्रिया को लेकर दोनों पक्षों के बीच सकारात्मक सहमति बन गई, जिसके बाद प्रस्तावित देशव्यापी हड़ताल को स्थगित करने का आधिकारिक निर्णय लिया गया। हड़ताल समाप्त होने से बैंक ग्राहकों के चेक क्लीयरेंस, डिमांड ड्राफ्ट और शाखा स्तर पर होने वाली नकद निकासी जैसी जरूरी बैंकिंग सेवाएं बिना किसी रुकावट के सामान्य रूप से जारी हैं।

📋 बैठक में किन प्रमुख बिंदुओं पर बनी सहमति? पांच दिवसीय बैंकिंग से लेकर पीएलआई योजना तक के मुद्दे शामिल

आयोजित हुई इस उच्चस्तरीय वार्ता के दौरान बैंक कर्मियों की कई प्रमुख मांगों पर अहम सहमति बनी है, जिनके मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:

  • पाँच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था: सभी शनिवारों को अवकाश घोषित करने की मांग पर विचार करने के लिए IBA और UFBU की एक संयुक्त उच्चस्तरीय समिति का तत्काल गठन किया जाएगा, जो ग्राहकों के हितों का ध्यान रखते हुए सभी विकल्पों पर चर्चा करेगी।

  • पीएलआई (PLI) योजना: स्केल-IV और उससे ऊपर के अधिकारियों के लिए पीएलआई योजना में आवश्यक संशोधन के संबंध में विधिवत चर्चा शुरू की जाएगी और सरकार के समक्ष प्रस्ताव रखा जाएगा।

  • लंबित मुद्दों पर निरंतर वार्ता: पूर्व में 8 मार्च 2024 के मिनट्स में दर्ज किए गए शेष सभी लंबित मुद्दों के शीघ्र समाधान के लिए दोनों पक्षों के बीच बातचीत का सिलसिला आगे भी जारी रहेगा।

📢 झारखंड ग्रामीण बैंक कर्मचारी संघ के महासचिव नितेश कुमार मिश्रा ने दी प्रतिक्रिया

झारखंड ग्रामीण बैंक कर्मचारी संघ के महासचिव नितेश कुमार मिश्रा ने इस पूरे घटनाक्रम पर अपनी बात रखते हुए कहा कि बैंक कर्मचारियों की विभिन्न लंबित और जायज मांगों को मनवाने के लिए संगठन लगातार संघर्ष और सार्थक संवाद के जरिए अपनी बात मजबूती से रखता आया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि तीन दिवसीय हड़ताल का कड़ा निर्णय भी कर्मचारियों के हक और अधिकारों के लिए प्रशासनिक स्तर पर दबाव बनाने के उद्देश्य से ही लिया गया था। रविवार की रात हुई वार्ता में महत्वपूर्ण मुद्दों पर आगे की प्रक्रिया के लिए सहमति बनने के बाद ही हड़ताल को फिलहाल स्थगित किया गया है।

⚖️ ‘हड़ताल स्थगित होना मांगों का अंत नहीं’, आगे की परिस्थितियों पर बनी रहेगी संगठन की पैनी नजर

नितिश कुमार मिश्रा ने आगे कहा कि हड़ताल के स्थगित होने को कर्मचारियों की मांगों की समाप्ति या हार का संकेत बिल्कुल नहीं समझा जाना चाहिए, क्योंकि अभी कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर आगे की बातचीत और विचार-विमर्श की प्रक्रिया बाकी है। बैंक कर्मचारियों की सभी जायज और न्यायसंगत मांगों का एक ठोस और संतोषजनक समाधान निकलना बेहद आवश्यक है। आगामी दौर की वार्ताओं में होने वाली प्रगति और प्रशासनिक रुख को देखकर ही संगठन अपनी भविष्य की रणनीति तय करेगा, और कर्मचारियों के हितों से जुड़े किसी भी विषय पर संगठन पूरी तत्परता से अपनी भूमिका निभाता रहेगा।