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‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के संस्थापक अभिजीत दीपके का बड़ा दावा: दिल्ली पुलिस ने छात्रों पर की बर्बरता, सोनम वांगचुक को किया गया था किडनैप

नई दिल्ली: ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने हालिया छात्र आंदोलन को लेकर टीवी9 भारतवर्ष मराठी से खास बातचीत में अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।

उन्होंने कहा कि जब उन्होंने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर धरने की शुरुआत की थी, तब उन्हें इस बात का कतई अंदाजा नहीं था कि यह आंदोलन इतना व्यापक रूप ले लेगा। उन्होंने कहा कि यदि उन्हें पूर्व में आभास होता, तो वे ‘पार्टी’ शब्द का प्रयोग नहीं करते। दीपके ने स्पष्ट किया कि उनका प्राथमिक उद्देश्य जनता का खोया हुआ विश्वास पुनः प्राप्त करना है, क्योंकि वर्तमान में राजनीतिक दलों से लोगों का भरोसा उठता जा रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि उनकी पार्टी सदैव निर्दलीय (इंडिपेंडेंट) रहेगी, वे कभी किसी अन्य राजनीतिक दल के साथ गठबंधन नहीं करेंगे और लोकतंत्र (डेमोक्रेसी) की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध रहेंगे।

🚔 जंतर-मंतर पर दिल्ली पुलिस की बर्बरता का आरोप, बोले— “12 साल की बच्चियों पर भी चलाया गया लाठीचार्ज”

प्रदर्शन के दौरान हुए लाठीचार्ज के संदर्भ में पूछे गए प्रश्न का उत्तर देते हुए दीपके ने बताया कि वे स्वयं उस दिन जंतर-मंतर पर उपस्थित थे और आंदोलन उनकी देखरेख में चल रहा था।

उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर आंदोलन को बदनाम करने की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि 20 जुलाई को छात्रों पर अत्यधिक बर्बरता की गई, जिसमें कई छात्रों के सिर फूट गए। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस अधिकारियों ने 12 वर्ष की नाबालिग लड़कियों पर लाठीचार्ज किया और उनके साथ अभद्रता की।

🎭 “हिंसा का जवाब मीम्स और मजाक से दिया”, एक महीने के भीतर दिलाया शिक्षा मंत्री का इस्तीफा

गंभीर पुलिसिया कार्रवाई के बावजूद प्रदर्शनकारी 26 जुलाई तक जंतर-मंतर पर शांतिपूर्वक डटे रहे, जब तक कि शिक्षा मंत्री ने त्यागपत्र नहीं दे दिया।

दीपके ने कहा कि जहां बांग्लादेश और नेपाल जैसे पड़ोसी देशों में आंदोलनों के दौरान हिंसा देखने को मिली, वहीं भारतीय छात्रों ने लाठीचार्ज का उत्तर रचनात्मक मीम्स (Memes) और व्यंग्य के माध्यम से दिया। उन्होंने संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) मात्र एक महीने की अवधि के भीतर शिक्षा मंत्री का इस्तीफा कराने में सफल रही।

🛑 सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल पर बड़ा दावा, बोले— “बीजेपी ने किया था किडनैप”

पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल के विषय में अभिजीत दीपके ने सनसनीखेज दावा करते हुए कहा कि बीजेपी ने उन्हें वस्तुतः किडनैप (अपहृत) कर लिया था।

उन्होंने बताया कि उस दौरान उन्होंने वांगचुक से कई बार संपर्क साधने का प्रयास किया, किंतु वार्ता नहीं हो सकी। यहां तक कि उनकी पत्नी और विपक्षी नेताओं को भी उनसे मिलने से रोक दिया गया था। दीपके ने कहा कि यह अत्यंत संतोषजनक है कि वांगचुक ने अपना 26 दिनों से जारी अनशन समाप्त कर दिया, क्योंकि उनका स्वास्थ्य और जीवन देश हित के लिए अत्यंत आवश्यक है।

🤝 “वांगचुक और CJP को अलग दिखाने की कोशिश की गई, देश के लिए उनका अनशन टूटना जरूरी था”

दीपके ने कहा कि उनकी टीम भी लगातार प्रयास कर रही थी कि सोनम वांगचुक अपना अनशन समाप्त कर दें।

उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ताधारी दल ने यह दर्शाने का प्रयास किया कि वांगचुक और CJP अलग-अलग धाराएं हैं। हालांकि, उन्होंने कहा कि इससे उन्हें कोई अंतर नहीं पड़ता कि अनशन तुड़वाने का श्रेय किसे मिलता है। सोनम वांगचुक देश की धरोहर हैं, इसलिए उनका अनशन समाप्त होना ही सबसे महत्वपूर्ण विषय था।