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Kanker Panchayat News: विकास के पैसे से चाय-नाश्ता! सिंगारभाट पंचायत में फंड के दुरुपयोग का बड़ा खुलासा

कांकेर: छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले की ग्राम पंचायत सिंगारभाट में पंचायत की मूलभूत राशि के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। आरटीआई (RTI) से मिली जानकारी के अनुसार, गांव के विकास के लिए निर्धारित फंड का इस्तेमाल विधानसभा और लोकसभा चुनाव के दौरान चाय-नाश्ता और भोजन की व्यवस्था पर किया गया। यह वित्तीय नियमों का सीधा उल्लंघन माना जा रहा है।

🔍 आरटीआई में क्या हुआ खुलासा?

आरटीआई दस्तावेजों के अनुसार, पंचायत की मूलभूत मद से विधानसभा चुनाव 2023 के दौरान 10,000 रुपये और लोकसभा चुनाव के दौरान 15,000 रुपये खर्च किए गए। विशेषज्ञों का कहना है कि निर्वाचन कार्यों के लिए अलग बजट और व्यवस्था होती है, इसलिए पंचायत निधि का इस प्रकार खर्च होना गंभीर वित्तीय अनियमितता है।

🚧 विकास कार्यों पर असर और जनप्रतिनिधियों की प्रतिक्रिया

पंचायत की मूलभूत राशि का मुख्य उद्देश्य सड़क, नाली, पेयजल और अन्य जनसुविधाओं का विकास करना है। इस तरह के खर्चों से गांवों की विकास योजनाएं सीधे तौर पर प्रभावित होती हैं। वर्तमान सरपंच कौशल्या नेताम ने सफाई देते हुए कहा कि यह खर्च पूर्व सरपंच और सचिव के कार्यकाल का है। वहीं, जिला पंचायत सदस्य मृदुला भास्कर ने इसे कड़ी वित्तीय अनियमितता बताते हुए इसकी उच्च स्तरीय जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की है।

⚖️ प्रशासन का रुख और पुराने मामले

कांकेर जिले में यह पहली बार नहीं है जब पंचायत फंड के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। इससे पहले ग्राम अंडी में भी इसी तरह का मामला प्रकाश में आया था। इस ताजा मामले पर जिला पंचायत सीईओ ने आश्वासन दिया है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।