Kurukshetra Murder Mystery: कुरुक्षेत्र में भाई ही निकला भाई का कातिल! दवाई के बहाने नहर में फेंका, दो सगे भाई गिरफ्तार
कुरुक्षेत्र: कुरुक्षेत्र के इस्माईलाबाद थाना क्षेत्र के अंतर्गत नरवाना ब्रांच नहर डल्ला माजरा में 20 मार्च को उस समय सनसनी फैल गई, जब एक व्यक्ति की लाश पानी में तैरती हुई मिली. चौंकाने वाली बात यह थी कि मृतक के हाथ-पैर रस्सी से बंधे हुए थे. शव मिलने की सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और गोताखोरों की मदद से शव को बाहर निकालवाया. वहीं, घटनास्थल पर सीन ऑफ क्राइम टीम और एफएसएल की टीम ने भी जांच की.
पहचान के बाद शुरू हुई जांच: पुलिस ने जांच के दौरान मृतक की पहचान गुरमुख सिंह निवासी गोलू माजरा, थाना लालडू, जिला मोहाली (पंजाब) के रूप में की. मामले में थाना इस्माईलाबाद में अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया गया. मामले में अपराध अन्वेषण शाखा-2 के प्रभारी निरीक्षक मोहन लाल ने बताया कि, ” पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर जांच के लिए टीम का गठन किया. इसके बाद अपराध अन्वेषण शाखा-2 और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीमों का गठन कर जांच तेज कर दी गई. पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और गुप्त सूचनाओं के आधार पर सुराग जुटाने शुरू किए.”
दो सगे भाइयों पर हत्या का शक गहराया:अपराध अन्वेषण शाखा-2 के प्रभारी निरीक्षक मोहन लाल ने बताया कि, “लगातार जांच के बाद पुलिस को मृतक के परिजनों और करीबियों पर संदेह हुआ. जांच में सामने आया कि मृतक गुरमुख सिंह मानसिक रूप से बीमार था और पिछले कई वर्षों से उसका इलाज चल रहा था. जांच के दौरान मिले तकनीकी साक्ष्यों और गुप्त सूचनाओं के आधार पर दो सगे भाइयों राजेन्द्र और राकेश की भूमिका संदिग्ध पाई गई.”
दवाई दिलाने के बहाने रची गई साजिश:मोहन लाल ने बताया कि, “इसके बाद पुलिस ने दोनों से सख्ती से पूछताछ की. पुलिस पूछताछ में सामने आया कि दोनों भाइयों ने 12 मार्च को अपने भाई गुरमुख सिंह को दवाई दिलाने के बहाने मोटरसाइकिल पर साथ ले गए थे. रास्ते में उन्होंने एक दुकान से प्लास्टिक की रस्सी खरीदी और योजना के अनुसार उसे अंजाम देने की तैयारी की. आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे लंबे समय से भाई की मानसिक स्थिति और उसके व्यवहार से परेशान थे.”
हाथ-पैर बांधकर नहर में फेंका गया जिंदा: पुलिस के अनुसार दोनों भाइयों ने इस्माईलाबाद क्षेत्र की नहर के पास पहुंचकर गुरमुख सिंह के हाथ-पैर रस्सी से बांध दिए और उसे जिंदा हालत में नहर में फेंक दिया. आरोपियों ने पूछताछ में यह भी स्वीकार किया कि उन्होंने उसे बचाने की कोई कोशिश नहीं की और मौके से फरार हो गए.”
दो दिन के पुलिस रिमांड पर आरोपी: गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों राजेन्द्र और राकेश को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है. पुलिस अब इस पूरे मामले में और गहराई से जांच कर रही है कि क्या इस साजिश में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था या नहीं. मामले ने इलाके में सनसनी फैला दी है और लोग इस घटना को लेकर स्तब्ध हैं.